फतेहपुर कोतवाली क्षेत्र के देवखरिया गांव में स्थित उच्च/प्राथमिक विद्यालय के बाहर बना गेट बुधवार की सुबह अचानक ढह गया। इस हादसे में स्कूल में संचालित आंगनबाड़ी केंद्र में पढ़ने वाले पांच वर्षीय मासूम छात्र की मौत हो गई जबकि चार साल की छात्रा गंभीर रूप से घायल हो गई।
छात्रा का सीएचसी में इलाज कराया गया है। सूचना के बाद मौके पर पहुंचे बीएसए ने निर्माण में लापरवाही मिलने पर प्रधानाचार्य को निलंबित कर दिया है। पुलिस ने छात्र के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
कोतवाली फतेहपुर के देवखरिया गांव स्थित उच्च/प्राथमिक विद्यालय में ही ही आंगनबाड़ी केंद्र संचालित होता है। बुधवार की सुबह यहां आंगनबाड़ी केंद्र में पढ़ने जा रहे छात्र रचित (5) पुत्र धीरज व विनीता (4) पुत्री शोभाराम पर स्कूल के बाहर पहुंचते ही वहां लगा गेट अचानक गिर गया। इस हादसे में छात्र व छात्रा गंभीर रूप से घायल हो गए।
हादसे की जानकारी पर स्कूल के अध्यापकों व परिवारीजनों ने दोनों बच्चों को इलाज के लिए सीएचसी पहुंचाया जहां से रचित की हालत गंभीर होने के चलते जिला अस्पताल भेज दिया गया।
लेकिन जिला अस्पताल में रचित को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। वहीं घायल छात्रा का इलाज करवाने के बाद परिवारीजन उसे घर लेकर चले गए हैं। हादसे की जानकारी होने के बाद ग्रामीणों मेें शोक की लहर दौड़ गई है।
11 माह पहले लगा था स्कूल का गेट
देवखरिया स्कूल के बाहर अप्रैल 2015 में गेट का निर्माण करवाया गया था। इस गेट को यहां के प्रधानाचार्य सत्येंद्र ने लगवाया था। एक साल के कम अंतराल मेें ही विद्यालय का गेट ढहने से यह साफ हो गया है कि इसे लगाने में किस तरह का भ्रष्टाचार हुआ था। अब अधिकारियोें द्वारा मामले की जांच कराने की बात कहकर पल्ला झाड़ा जा रहा है।
लापरवाही पर प्रधानाचार्य को किया निलंबित
स्कूल का गेट ढहने की जानकारी होने पर एसडीएम फतेहपुर सुनील कुमार, खंड शिक्षा अधिकारी शिवसिंह समेत कई अधिकारी मौके पर पहुंचे। खंड शिक्षा अधिकारी ने यहां की रिपोर्ट बीएसए को सौंपी और बताया कि स्कूल गेट लगाने में धांधली की गई है जिसके बाद मौके पर पहुंचे बीएसए पीएन सिंह ने स्कूल के प्रधानाचार्य सत्येंद्र को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। वहीं एसडीएम ने मामले की जांच कराने के बाद कार्रवाई किए जाने की बात कही है।
अस्पताल से छात्र का शव लेकर भाग गए परिवारी
हादसे का शिकार हुआ छात्र रचित अपने पिता का इकलौता बेटा था। रचित की एक छोटी बहन नंदिनी है। इस हादसे मेें घायल रचित को जब जिला अस्पताल मेें डॉक्टरोें ने मृत घोषित किया तो परिवारीजन वहां से उसका शव लेकर भाग निकले। बेटे की मौत के बाद मां बीना की हालत बेसुध हो गई है।
कोतवाल फतेहपुर मोहन वर्मा ने बताया कि मामले की जानकारी होने के बाद पुलिस ने बच्चे के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। कोतवाल ने कहा जो तहरीर मिलेगी उसके आधार पर पुलिस द्वारा रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
गेट गिरने से छात्र की मौत बहुत दुखद घटना है। खंड शिक्षा अधिकारी ने अपनी प्राथमिक रिपोर्ट में इसके निर्माण में लापरवाही की बात कही है। इसके आधार पर वहां के प्रधानाचार्य को तत्काल निलंबित कर दिया गया है और इसकी जांच सर्व शिक्षा अभियान के सहायक अभियंता को सौंपी गई है। -पीएन सिंह, बीएसए