जहां पर पानी की टंकी के पाइप में लटक कर युवक को फांसी लगाना बताया जा रहा है। वहां की ऊंचाई भी पांच फुट के करीब ही होगी और दीवाल से सटा होने के चलते वहां कोई फांसी भी नहीं लगा सकता है। हालांकि इस मामले में पुलिस ने अपने बचाव के पूरे इंतजाम करते हुए इसे आत्महत्या का रूप देने का पूरा प्रयास किया है।
देवा पुलिस की पिटाई से मरने वाले सुभाष राजवंशी को माती चौकी प्रभारी जेपी यादव ने बाइक चोरी के मामले में रविवार दोपहर गिरफ्तार किया था। इसके पास से पुलिस ने चोरी की बाइक भी बरामद की थी। सूत्रों की माने तो पुलिस चौकी में काफी पिटाई करने के बाद सुभाष राजवंशी को चौकी प्रभारी देवा कोतवाली लेकर आए थे।
इसके बाद उसे कोतवाली के लाकप में डाल दिया गया। लाकप में ही जब सुभाष की मौत हो गई तो उसे आत्महत्या का रूप देने के लिए पूरा ताना बाना बुना गया और फिर लाकप के बाथरूम में पानी की टंकी के पाइप से युवक द्वारा फांसी लगाने की बात बताई जाने लगी।
लगभग छह फुट लंबा मृतक सुभाष को जिस पाइप से फांसी लगाने की बात कही जा रही है उसकी जमीन से ऊंचाई भी साढे़े पांच से छह फुट के बीच होगी ऐसे में इतना ही लंबा युवक यहां पर फांसी कैसे लगा सकता है यह बात पुलिस की थ्योरी पर सवाल खड़ा कर रही है।