बाराबंकी। कोविड-19 में कर्मचारियों द्वारा अपने वेतन से दान किए गए पैसे को कलेक्ट्रेट के एक बाबू ने हड़प लिया। जब इस बात की जानकारी कर्मचारियों को हुई तो उन्होंने इसका विरोध करते हुए मामले की शिकायत डीएम से की। डीएम ने बाबू को तत्काल प्रभाव से निलंबित करते हुए जांच के आदेश दिए हैं।
कलेक्ट्रेट में वेतन बिल के पद पर तैनात लिपिक रामनरेश पर आरोप है कि कर्मचारियों ने अपने वेतन से करीब 1 लाख 15 हजार रुपया उसको कोविड-19 फंड में जमा करने के लिए दिया था लेकिन उसने यह पैसा अपने निजी खाते में जमा कर लिया।
इसकी जानकारी जब कलेक्ट्रेट के कर्मचारियों को हुई तो उन्होंने इसका विरोध करते हुए मामले की शिकायत डीएम से करते हुए बताया कि कर्मचारी ने हम लोगों से नकद पैसा लिया लेकिन अभी उसे कोविड फंड के खाते में जमा नहीं किया। आरोप लगाया कि कर्मचारी ने इस पैसे को हड़पने की नीयत से अपने निजी खाते में जमा कर लिया। मामले को गंभीरता से लेते हुए डीएम डॉ. आदर्श सिंह ने लिपिक को तत्काल प्रभाव से निलंबित करते हुए पूरे मामले की जांच कराने के आदेश दिए हैं।