बांदा। जनजातीय गौरव पखवाड़ा के तहत राजकीय हाईस्कूल बड़ोखर बुजुर्ग में बिरसामुंडा की जयंती धूमधाम से मनाई गई। प्रधानाचार्य ने छात्र-छात्राओं को बिरसामुंडा के बारे में विस्तार से बताया। प्रतियोगिताएं भी कराई गईं। पोस्टर में आराधना व प्रार्थना को प्रथम स्थान मिला।
प्रधानाचार्या डॉ. शशि मिश्रा ने उनके प्रेरणाप्रद व्यक्तित्व व कृतित्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उनके देशभक्ति व सामाजिक प्रयासों को राष्ट्र कभी नहीं भूल सकता। लोग बिरसामुंडा को उनके कार्यो के कारण ही भगवान का अवतार मानते थे। उनके विचार आज और भी प्रासंगिक हैं, जब जल, जंगल और जमीन के अस्तित्व पर संकट विद्यमान है। भारत की स्वाधीनता में जनजातियों का योगदान अविस्मरणीय है।
कमला देवी ने पोस्टर प्रतियोगिता कराई,जिसमें आराधना व प्रार्थना ने प्रथम, मनीष एवं आशीष ने द्वितीय तथा विचित्र ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। कीर्ति कसौंधन ने निबंध प्रतियोगिता कराई, जिसमें 25 प्रतिभागियों ने भाग लिया। नीलम ने नुक्कड़ नाटक कराया, जिसमें जननायक बिरसा मुंडा के व्यक्तित्व को जीवंत किया गया। सरोज ने कविता पाठ किया। मधुसूदन त्रिवेदी ने छात्रों के मध्य स्लोगन राइटिंग प्रतियोगिता कराई। इसमें आराधना, महक, प्रांशी, मोहिनी, जावेंद्र, किशन, लवकुश, संजय ने उत्कृष्ट प्रस्तुति दी। प्रधानाचार्या ने सभी को पुरस्कृत किया।