नरैनी (बांदा)। कोतवाली क्षेत्र के लहुरेहटा गांव में खेत पर बनाए गए बालू ठेकेदारों के रास्ते को किसानों ने जेसीबी से खुदवाकर ट्रकों का संचालन रोक दिया। इससे किसानों और खदान ठेकेदारों में तनातनी हो गई। कुछ देर बाद पहुंची पुलिस ने किसानों को समझा-बुझाकर रास्ता खुलवा दिया।
गांव में केन नदी बालू खदान का पट्टा कात्यायनी रिसोर्सेस लिमिटेड के नाम पर है। बुधवार को गांव के सिद्दीक पुत्र अब्दुल रज्जाक व इंद्रीश पुत्र रज्जाक ने अपने खेत में जेसीबी से गड्ढे खुदवाकर खदान का रास्ता बंद कर दिया। इससे बालू खदान मार्ग में कई ट्रक फंस गए। सूचना पर कोतवाली प्रभारी सविता श्रीवास्तव फोर्स के साथ पहुंची। उन्होंने दोनों पक्षों को समझाकर रास्ता खुलवा दिया। उधर, किसानों ने पुलिस को शिकायती पत्र देकर बताया कि उनके खेत से बालू ठेकेदार के गुर्गे जबरदस्ती ट्रक निकाल रहे हैं। उनके खेत से 20 फुट गहरा गड्ढा खोदकर बालू निकाल ली गई। मना किया तो धमकी दी। किसानों ने बताया कि उक्त घटना की शिकायत कोतवाली में की थी। बताया गया कि उक्त किसानों ने जितेंद्र कुमार (चौरिहा, अतर्रा) व मातादीन (नहरी) के नाम पंजीकृत किरायानामा का एग्रीमेंट कर रखा है। क्षेत्राधिकारी नितिन कुमार का कहना है कि दोनों पक्षों ने नदी मार्ग पर किसानों से एग्रीमेंट करा रखे हैं। दोनों पक्षों के दिए गए एग्रीमेंट की जांच की जा रही है। तहसील प्रशासन से पैमाइश करने को कहा गया है। खनन कार्य में अनावश्यक बाधा पहुंचाने वालों पर कार्रवाई की जाएगी।
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फोटो-17बीएनडीपी-2 : निहालपुर बालू खदान में तैनात पुलिस।
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निहालपुर बालू खदान पर लखनऊ टीम का छापा
एआरटीओ को ट्रक मालिकों ने घेरा, जताया विरोध
लखनऊ की टीम ने खनन रोका, बंद कराई लोडिंग
संवाद न्यूज एजेंसी
खत्री पहाड़ (बांदा)। लखनऊ से आई खनिज और गृह विभाग की टीम ने गिरवां थाना क्षेत्र के स्योढ़ा निहालपुर बालू खदान में जांच की और लोडिंग आदि काम रुकवा दिया। खदान में पुलिस तैनात कर दी गई। बुधवार को पुन: टीमों ने खदान का निरीक्षण किया। उधर, परिवहन विभाग की कार्रवाई से नाराज ट्रक मालिकों ने एआरटीओ का घेराव कर विरोध जताया। पुलिस ने समझाकर शांत कराया।
मंगलवार की देर शाम लखनऊ की टीम ने बालू खदान में जांच की। खनिज अधिकारियों ने खदान में कामकाज रोक दिया। ट्रकों के भी खदान से बाहर आने-जाने पर रोक लगा दी। नरैनी और गिरवां थानों की पुलिस को खदान में तैनात कर दिया गया। दूसरे दिन पुन: टीम ने निहालपुर खदान का निरीक्षण किया। देर शाम तक खदान में कामकाज शुरू नहीं हो सका। उधर, खदान में खड़े लोड ट्रकों की सूची तैयार कर खनिज अधिकारी ने एआरटीओ को भेज दी। कुछ देर बाद एआरटीओ खदान पहुंचे और सूची के आधार पर कार्रवाई शुरू कर दी। इस पर ट्रक चालक और मालिकों ने एआरटीओ को घेर लिया और कार्रवाई का विरोध किया। उनका कहना था कि ट्रकों का धर्मकांटा होकर रवन्ना के साथ ढुलाई होती है। सभी ट्रक अंडरलोड हैं। इसके बावजूद कार्रवाई अनुचित है। हालांकि कोई अधिकारी ट्रक मालिकों के प्रश्नों का जवाब नहीं दे सके। लखनऊ टीम की जांच का हवाला देते रहे।
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