बांदा। यूरिया की रैक बांदा आ गई है हालांकि, डीएपी की रैक आने में दो दिन का समय है। जिलाधिकारी ने डीआरएम को पत्र भेजकर जल्द डीएपी की रैक बांदा भेजने के लिए पत्र लिखा है।
सहायक आयुक्त एवं सहायक निबंधक राजेश कुमार ने बताया कि जिले में यूरिया व डीएपी की किल्लत के चलते जिलाधिकारी ने दो रैक यूरिया व डीएपी की मांग की थी। 1323 मीट्रिक टन यूरिया की एक रैक रेलवे स्टेशन में आ गई है। हालांकि, उससे 523 मीट्रिक टन चित्रकूट भेजी जाएगी। बताया कि यूरिया को सीधे रेलवे स्टेशन से समितियों में भेजा जा रहा है।
उधर, डीएपी की रैक दो दिन में बांदा आ जाएगी। डीआरएम रेलवे ने बताया कि डीएपी की रैक पारादीप से चल दी है। 11 नवंबर को उसके बांदा पहुंचने की संभावना है। कहा कि जैसे ही डीएपी की रैक बांदा आती है तो उसे सीधे स्टेशन से समितियों में भेजा जाएगा। जिलाधिकारी ने भी डीआरएम को जल्द डीएपी की रैक बांदा पहुंचाने के लिए पत्र भेजा है। जिलाधिकारी ने किसानों से अपील की है कि सहकारी समितियों में नैनो डीएपी 500 मिली की बोतल उपलब्ध है। किसान बीज का शोधन करके गेहूं व दलहन की बुआई कर सकते हैं।