बांदा। अमर शहीद मंगल पांडेय के बलिदान दिवस पर उनके व्यक्तित्व और आजादी में योगदान पर चर्चा हुई। बुंदेलखंड में विभिन्न क्षेेत्रों में उत्कृष्ट योगदान करने वालों को मेघा सम्मान से नवाजा गया।
मंगल पांडेय फाउंडेशन के तत्वाधान में शुक्रवार को होटल सारंग सभागार में आयोजित कार्यक्रम में पूर्व मंत्री जमुना प्रसाद बोस ने कहा कि मंगल पांडेय की शहादत को कभी भुलाया नहीं जा सकता। उन्हीं की विचारधारा से प्रेरित होकर देश के तमाम युवा आजादी की लड़ाई में कूदे थे।
अपर पुलिस महानिदेशक विजय कुमार ने मौजूदा परिवेश में उन्हें युवाओं के लिए प्रेरणा स्रोत बताया। मंडलायुक्त एल वेंकटेश्वर लू, समाजसेवी रमेश अवस्थी, फाउंडेशन संस्थापक उमाशंकर पांडेय, बुंदेलखंड डिग्री कालेज प्राचार्य ने उनके व्यक्तित्व और कृतित्व पर चर्चा की। पद्मश्री विभूषित मालिनी अवस्थी ने कार्यक्रम में शिरकत की और आजादी की लड़ाई से जुड़ा प्रेरक लोकगीत गाया।
कार्यक्रम में प्रधानाचार्य डा.रामभरत सिंह तोमर, मदन सिंह, वीरेंद्र कुमार पप्पू जी, रमेश पाल, फूला देवी, जेपी यादव, सुक्खनलाल, शफकत सैफ, सबल सिंह, साहब सिंह, डा. सबीहा रहमानी, साधना सिंह, शैलेंद्र सचान, मानिकचंद्र आरेजा, संतोष द्विवेदी, सोना प्रसाद राजपूत को स्मृति चिन्ह व शोल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया।
रमेश पाल की टीम ने दिवारी नृत्य पेश किया। कृषि विश्वविद्यालय निदेशक देवीदास, सिटी मजिस्ट्रेट आरके श्रीवास्तव, अशोक त्रिपाठी जीतू, पूर्व प्राचार्य बाबूूलाल गुप्ता, प्रकाश साहू, बालमुकुंद शुक्ला, अखिलेश शुक्ला, हारिस जमां, चंद्रिका प्रसाद दीक्षित, बीडी गुप्ता, राघवेंद्र शुक्ला, आशा सिंह, सुधीर निगम, सूर्य प्रकाश मिश्रा, शोभाराम कश्यप आदि मौजूद रहे।