फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दो बाइकों की टक्कर में तीन परीक्षार्थियों की मौत

Wed, 07 Feb 2018 11:27 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो , बांदा
विज्ञापन
छात्रों से लिपटकर बिलखते परिजन। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

दो बाइकों की आमने-सामने हुई भीषण टक्कर में तीन छात्रों की मौत हो गई, जबकि दो छात्र गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें जिला अस्पताल लाया गया। यहां से एक को कानपुर रेफर कर दिया गया है। सभी छात्र हाईस्कूल की परीक्षा देकर बाइकों से लौट रहे थे। इनमें से सिर्फ एक छात्र हेलमेट पहने था।

विज्ञापन

घटना बुधवार को करीब दिन में साढ़े 11 बजे की है। नरैनी के शुकलन टोला निवासी सत्यम पुत्र कृष्ण गोपाल शुक्ला, राहुल त्रिपाठी पुत्र बलराम और विकास शुक्ला पुत्र सुरेश कुमार शुक्ला एक ही बाइक पर नौहाई गांव स्थित किसान इंटर कालेज से हाईस्कूल की परीक्षा देकर घर लौट रहे थे। बाइक सत्यम चला रहा था। नरैनी कोतवाली क्षेत्र के रिसौरा और कच्ची सड़क गांवों के बीच पांडा देव पुल पर सामने से आ रही दूसरी बाइक से इन तीनों की बाइक टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि सत्यम और राहुल की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। साथ में बैठा विकास गंभीर रूप से घायल हो गया। इन तीनों की उम्र 14 से 15 वर्ष के बीच थी।

दूसरी बाइक पैलानी क्षेत्र के निवाइच गांव निवासी अजय पुत्र श्रीपाल चला रहा था। उसके साथ उसका भांजा गिरवां गांव निवासी रोहित पुत्र रामकिशोर बैठा हुआ था। ये दोनों पनगरा गांव स्थित गांधी इंटर कालेज से हाईस्कूल की परीक्षा देकर लौट रहे थे। बाइक चालक अजय की वहीं मौत हो गई। रोहित घायल हो गया। दोनों बाइकों के घायल दोनों छात्र देर तक तड़पते रहे।
विज्ञापन


खबर मिलते ही एसडीएम राकेश कुमार और पुलिस उपाधीक्षक शोहराब आलम और कोतवाली प्रभारी पंकज पांडेय घटनास्थल आ गए और दोनों घायल छात्रों को एंबुलेंस से जिला अस्पताल भेजा। यह दोनों भी 13 से 15 वर्ष उम्र के हैं। जिला अस्पताल से विकास को कानपुर रेफर कर दिया गया।

मृतक सत्यम, राहुल और विकास नरैनी में दीनदयाल पांडेय इंटर कालेज में हाईस्कूल के छात्र थे। उनके विद्यालय का परीक्षा केंद्र नौहाई गांव में पड़ा है। दूसरी बाइक का मृतक छात्र अजय गिरवां गांव स्थित पंडित जवाहरलाल नेहरू इंटर कालेज का छात्र था। गिरवां गांव में अपने बहनोई दीपक के घर में रहकर पढ़ाई कर रहा था।

तीन दोस्तों की मौत पर शोक में डूबी बस्ती
नरैनी। एक साथ तीन बालकों की हुई मौत से यहां पुरानी बस्ती शोक में डूब गई। मृतक सत्यम और राहुल तथा घायल विकास इसी मोहल्ले के बाशिंदे थे। तीनों के मकान आसपास हैं। सत्यम अपने पिता की इकलौती संतान था। तीनों आपस में अच्छे दोस्त थे। विज्ञान वर्ग से पढ़ाई कर रहे थे। उधर, खबर फैलते ही बड़ी तादाद में लोग मृतकों के घर शोक जताने पहुंचने लगे। तीनों के पिता पेशे से किसान हैं। मृतक राहुल दो भाइयों में छोटा था। बड़ा भाई रवि इंटरमीडिएट का छात्र है। मां मैना देवी की 8 साल पूर्व बीमारी से मौत हो चुकी है। घायल छात्र विकास तीन बहनों के बीच इकलौता भाई है। मां सुमित्रा की बचपन में ही मौत हो चुकी है।

बच्चों को बाइक सौंपना साबित हुआ घातक
बांदा। बच्चों को बाइक सौंपना एक बार फिर घातक साबित हुआ। मोटर व्हीकल एक्ट में भी बच्चों को बाइक या वाहन न देने की शर्तें हैं। बाइकों की भिड़ंत में जान गवां बैठे तीनों मासूम छात्र 18 वर्ष से कम उम्र के थे। कानूनन गियर वाली दोपहिया गाड़ियां 18 से कम उम्र के लोगों को चलाने की अनुमति नहीं है।

एआरटीओ (प्रशासन) राजेश कुमार वर्मा ने बताया कि एमवी एक्ट के तहत बिना गियर वाली 50 सीसी क्षमता तक की दोपहिया वाहन 16 वर्ष उम्र से कम के बच्चों को चलाने की अनुमति नहीं है। 50 सीसी से अधिक क्षमता की बाइक के लिए 18 वर्ष उम्र अनिवार्य है। गियर वाली कोई भी दोपहिया बाइक 18 वर्ष से कम उम्र में चलाने की अनुमति नहीं है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें