बांदा। बुंदेलखंड में मछुआ समाज के छीने गए पुश्तैनी हक को दिलाकर ही रहूंगा। यह बात मत्स्य मंत्री व निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डाॅ. संजय कुमार निषाद ने रविवार को मेडिकल कॉलेज के प्रेक्षागृह में चित्रकूटधाम मंडल के मत्स्य पालक मेला एवं जातीय जनगणना विषयक संगोष्ठी में कहीं।
उन्होंने कहा कि मछुआ समाज का समुचित विकास सरकार की प्राथमिकता है। मत्स्य पालन से जुड़े लोगों को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाकर ही ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती दी जा सकती है। उन्होंने मछुआ समाज के लोगों का आह्वान किया कि वह केंद्र व प्रदेश सरकार की योजनाओं का लाभ उठाए। कहा कि निषाद, मल्लाह, बिंद, कश्यप जैसे जलाशयों पर आश्रित समाज को अब नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
मत्स्य विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया कि पात्र लाभार्थियों को योजनाओं का लाभ पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से दिया जाए। उन्होंने कहा कि बांदा सहित पूरे बुंदेलखंड के मछुआ समाज का पुश्तैनी हक छीन लिया गया है। उन्हें पुश्तैनी हक दिलाकर रहूंगा। नदी, तालाब, झील और जलाशयों पर पहला अधिकार मछुआ समाज का ही है। जिसकी पीढ़ियां सदियों से इसी कार्य में लगी है, लेकिन व्यवस्था ने उन्हें हाशिए पर ला खड़ा किया।
उन्होंने स्पष्ट किया कि अब यह समाज ठेकेदार और दलाल संस्कृति से आजाद होकर खुद अपने अधिकारों का संचालन करेगा। इसके साथ ही उन्होंने मछुआ समाज के लिए केंद्र व प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं की जानकारी दी। कहा कि योजनाओं में महिला मछुवारों को प्राथमिकता देकर उनकी सहभागिता को बढ़ाया जाएगा। अंत में उन्होंने विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किए। मेले में चित्रकूटधाम मंडल के मत्स्य अधिकारी, कर्मचारी सहित बड़ी संख्या में मत्स्य पालक आदि मौजूद रहे।