बांदा। कृषि राज्य मंत्री व जिला प्रभारी लाखन सिंह राजपूत ने कृषि विभाग को गो आधारित खेती को प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए हैं। अपात्रों को प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ देने पर ग्राम पंचायत अधिकारी (वीडीओ) के विरुद्ध कार्रवाई को कहा।
बेसिक शिक्षा विभाग को निर्देश दिए कि आपरेशन कायाकल्प के सभी काम 30 नवंबर तक पूरे कराएं। खराब सड़कों को ठीक कराने के लिए इस्टीमेट शासन को भेजने का पीडब्ल्यूडी को निर्देश दिया। सरकारी कामों में रिश्वत मांगने वालों की एफआईआर दर्ज कराने को कहा।
बुधवार को सर्किट हाउस में जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के साथ विकास कार्यों और कानून व्यवस्था की समीक्षा बैठक में कहा कि विधानसभा क्षेत्रों में कैंप लगाकर पात्रों को पेंशन स्वीकृत किए जाएं। कृषि विभाग किसानों को गो आधारित खेती के लिए प्रोत्साहित करें ताकि किसान गोवंश को पालें।
अन्ना मवेशियों को आश्रय स्थलों में रखने के निर्देश दिए। जिला पूर्ति अधिकारी को पात्रों के राशनकार्ड प्राथमिकता के आधार पर जारी करने को कहा। गुढ़ाकलां पेयजल परियोजना का काम 15 अक्तूबर तक पूरा कराने के निर्देश दिए। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिया कि महिला समूहों के माध्यम से खरीदी गई ड्रेस का ही स्कूलों में वितरण कराएं। विद्युत विभाग को आपूर्ति में सुधार करने को कहा। किसानों को पराली जलाने से रोकें।
प्रभारी मंत्री ने आजीविका ग्रामीण एक्सप्रेस योजना के तहत दो महिला समूहों को चार पहिया वाहन वितरित किए। विधायक प्रकाश द्विवेदी ने शहरी क्षेत्रों में राशन कार्ड का सत्यापन लेखपालों से कराने को कहा। विधायक चंद्रपाल कुशवाहा (बबेरू) ने अन्ना पशुओं से हो रही फसलों की बर्बादी पर मंत्री का ध्यान आकृष्ट कराया।
डीएम आनंद कुमार सिंह ने मंत्री को विकास कार्यों की जानकारी दी। साथ ही बताया कि जिले में अब तक 1960 कोरोना संक्रमित मरीज पाए जा चुके हैं। इनमें 1588 मरीज ठीक हो चुके हैं। जिले का रिकवरी दर 83 फीसदी से अधिक है।
रोजाना समीक्षा की जा रही है। बैठक में एसपी डा. एसएस मीणा, सीडीओ हरिश्चंद्र वर्मा, सीएमओ डा. एनडी शर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष रामकेश निषाद, डीएफओ संजय अग्रवाल, उप निदेशक सूचना भूपेंद्र यादव, उपायुक्त एनआरएलएम केके पांडेय सहित कई विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
कृषि राज्य मंत्री लाखन सिंह राजपूत ने कहा कि प्रदेश सरकार विभिन्न योजनाओं के लिए बांदा कृषि विश्वविद्यालय को प्रदेश के अन्य विश्वविद्यालयों की तुलना में ज्यादा बजट दे रही है। वह खुद भी व्यक्तिगत रूप से आईसीएआर, नई दिल्ली से यहां के लिए संपर्क बनाए रखते हैं।
राज्य मंत्री ने विश्वविद्यालय में भ्रमण कर विभिन्न परियोजनाओं, शोध कार्यक्रमों और उपक्रमों का जायजा लिया। आईएफएस मॉडल देखे। खीरा, टमाटर, शिमला मिर्च की खेती देखी।
कुलपति डॉ. यूएस गौतम ने विभिन्न योजनाओं के बारे में जानकारी दी। बताया कि कृषि विश्वविद्यालयों ने 100 गांवों को गोद लिया है। जारी गांव को मॉडल के रूप में विकसित किया जा रहा है। राज्यमंत्री ने कुलपति के साथ कार्यों की समीक्षा भी की। मंत्री ने विभागाध्यक्षों से भी संवाद किया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. नरेंद्र सिंह ने किया।