बांदा। महिला हिंसा के प्रति अधिकारी गंभीर हों व मामला सामने आने पर त्वारित कार्रवाई करें। यह बात सर्किट हाउस में महिला हिंसा सहित अन्य विभिन्न मामलों की सुनवाई के दौरान राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष विजया रहाटकर ने कही। लापरवाही पर पुलिस को फटकार लगाई और मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई के निर्देश दिए।
अध्यक्ष ने कहा कि महिलाओं को न्याय दिलाना आयोग की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए प्रशासन को पूरी संवेदनशीलता के साथ काम करना होगा। आयोग प्रत्येक शिकायत पर निगरानी रखेगा और पीड़ित महिलाओं को हरसंभव सहायता प्रदान करेगा। पुलिस उप महानिरीक्षक राजेश एस , जिलाधिकारी जे.रीभा, पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल, महिला एवं बाल विकास विभाग सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
इसके बाद वह बांदा कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में राष्ट्रीय महिला आयोग, भारत सरकार एवं दीनदयाल उपाध्याय राज्य ग्रामीण विकास संस्थान द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित ‘सी इज ये चेंजमेकर’ प्रशिक्षण में शामिल हुईं। कहा कि हम एक ऐसे विषय पर एकत्र हुए हैं जो केवल प्रशिक्षण का अवसर नहीं, बल्कि समाज को सशक्त दिशा देने की प्रेरणा है। बुंदेलख्ंड के प्रत्येक जनपद से पांच श्रेष्ठ कार्य करने वाली महिला जनप्रतिनिधियों को राष्ट्रीय महिला आयोग ब्रांड एंबेसडर के रूप में सम्मानित करेगा ।
उन्होंने ‘एक राष्ट्र- एक चुनाव’ विषय पर तुलसी स्वरूप होटल में आयोजित संगोष्ठी में प्रतिभाग किया। कहा कि ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ लोकतांत्रिक व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ एवं व्यवस्थित बनाने की दिशा में एक क्रांतिकारी पहल है। इससे चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी। राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष बबीता चौहान, स्वयंसेवी कार्यकर्ता ज्योति मिश्रा, महिला आयोग सदस्य डाॅ. प्रियंका मौर्य, दीनदयाल उपाध्याय राज्य ग्रामीण विकास संस्थान की उपनिदेशक नीरजा गुप्ता, भाजपा जिलाध्यक्ष कल्लू सिंह राजपूत, नगर पालिका अध्यक्ष मालती गुप्ता, प्रभा गुप्ता, महिला डिग्री कॉलेज की प्राचार्य प्रो.दीपाली गुप्ता आदि मौजूद रहीं।