फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जिला अस्पताल के स्टोर मेें आग, तीन लाख की दवाएं राख

Tue, 28 Jun 2016 11:32 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला,बांदा
विज्ञापन
जिला अस्पताल के दवा स्टोर मेें लगी आग से जली दवाएं। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
बांदा। जिला अस्पताल के मुख्य औषधि भंडार में संदिग्ध अवस्था में लगी आग से भारी मात्रा में दवाएं और सामान जलकर नष्ट हो गया। बुची-खुची दवाएं आग बुझाने के लिए पानी की बौछार में चौपट हो गईं। फौरीतौर पर आग लगने की वजह शार्ट सर्किट बताया जा रहा है। लगभग तीन लाख रुपये का नुकसान बताया गया है। जिला अस्पताल परिसर स्थित सीएमएस कार्यालय के नीचे भूतल पर मुख्य औषधि भंडार में मंगलवार को तड़के लगभग पांच बजे धुआं उठता दिखाई दिया। स्टोर प्रभारी फार्मेसिस्ट वीरेंद्र सिंह सूचना मिलने पर स्टोर आ गए और सीएमएस डा. एसएन गुप्ता और सिविल लाइन पुलिस चौकी को सूचना दी। कुछ ही देर बाद फायर ब्रिगेड टीम पहुंच गई और बिजली आपूर्ति बंद कर आग बुझाने में जुट गई। दरवाजे से पानी की बौछार से आग पर कुछ काबू पाया और फिर अंदर दाखिल हुए। लगभग एक घंटे की मशक्कत के बाद आग बुझाई जा सकी। आग से दवाओं के अलावा खून चढ़ाने के पैकेट व नलियां, यूरो बैग व वीगो और ग्लूकोज की बोतलें भी जल गईं। पानी की बौछार से दवाओं के पैकेट तर-बतर हो गए। उनमें रखीं दवाएं बेकार हो गईं। आग की लपटों से दीवार के प्लास्टर उखड़ गए। स्टोर में रखा फ्रिज भी जल गया।
विज्ञापन


तमाम दवाएं इस्तेमाल काबिल नहीं
बांदा। सीएमएस डा. एसएन गुप्ता ने बताया कि आग से लगभग तीन लाख रुपये का नुकसान हुआ है। पानी और हीट से काफी दवाएं खराब हुई हैं। इन्हें इस्तेमाल नहीं किया जाएगा। फिलहाल अस्पताल में दवाओं का कोई संकट नहीं है। अस्पताल में दवाओं की आपूर्ति निदेशालय से होती है। इसके लिए मांग पत्र भेजा जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें