बांदा/नरैनी। सड़क हादसे में घायल प्रवासी मजदूर के कानपुर में संक्रमित निकल आने पर यहां जिला अस्पताल में हड़कंप के हालात हैं। करीब चार घंटे तक उसका यहां प्राथमिक उपचार किया गया था। पॉजिटिव मजदूर के संपर्क में आने वाले दो डाक्टरों सहित 16 नर्सिंग स्टाफ के नमूने लिए गए हैं। उधर, नरैनी के नसेनी गांव में पॉजिटिव पाए गए युवक और उसके साथी के 18 परिजनों को सीएचसी में क्वारंटीन किया गया है। उनका स्वैग (लार) जांच के लिए भेजा गया है।
पॉजिटिव प्रवासी मजदूर मुंबई से एक अन्य साथी के साथ बाइक से अपने नसेनी गांव स्थित घर जा रहा था। 15 मई को तड़के शहर मुख्यालय से एक किलोमीटर दूर दुर्घटना में वह और उसका साथी घायल हो गया था। दोनों को एंबुलेंस से जिला अस्पताल पहुंचाया गया। प्राथमिक उपचार के करीब चार घंटे बाद उसे कानपुर रेफर कर दिया गया। वहां जांच में संक्रमित पाया गया। मंगलवार को मेडिकल कालेज की टीम ने संक्रमित मजदूर का इलाज करने वाले दो डाक्टर, एक फार्मासिस्ट, 11 नर्सिंग स्टाफ और 108 एंबुलेंस के ईएमटी व पायलट आदि के सैंपल जांच के लिए झांसी लैब भेजे गए।
उधर, नरैनी सीएचसी के चिकित्साधिकारी डा.बीएस राजपूत ने बताया कि पॉजिटिव मजदूर के अन्य परिजन ट्रक से घर पहुंचे हैं। इसके संपर्क में आने वाले घर के 13 सदस्यों व तीन अन्य प्रवासी मजदूर और एंबुलेंस चालक व ईएमटी को अस्पताल में क्वारंटीन किया गया है। इसके साथ बाइक में आए हड़हा गांव के युवक को परिजनों को भी क्वारंटीन कर सभी का स्वैग नमूना जांच के लिए भेजा गया है।