ट्रैक्टर ट्राली में अवैध बालू भरते मजदूर।
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बालू से कमाई के लिए एक साथ कई अपराध अंजाम दिए जा रहे हैं। अवैध खनन करके करोड़ों रुपये की राजस्व चोरी हो रही है। कृषि कार्य के लिए पंजीकृत कराए गए ट्रैक्टरों से बालू ढुलाई का व्यवसायिक कार्य करके परिवहन विभाग का टैक्स मारा जा रहा है। उधर, इन ट्रैक्टरों से राहगीर मौत के मुंह में समां रहे हैं। हादसों में जख्मी भी हो रहे हैं। शुक्रवार को बबेरू क्षेत्र में बालू भरे ट्रैक्टर से हुई दो मासूमों की मौत इसकी ताजा बानगी है।
पिछले कई वर्षों से बुंदेलखंड में बड़ी संख्या में ट्रैक्टर खरीदे गए हैं। इक्का-दुक्का को छोड़कर सभी ट्रैक्टर परिवहन विभाग में कृषि कार्य के लिए पंजीकृत कराए गए हैं। खेतीबाड़ी के लिए खरीदे गए ट्रैक्टरों का रजिस्ट्रेशन शुल्क या अन्य टैक्स माफ है। लेकिन अब यह ट्रैक्टर खेती छोड़ बालू की ढुलाई जैसे व्यवसायिक कामों में ज्यादा इस्तेमाल हो रहे हैं। इनके चालक भी ज्यादातर अनाड़ी या नाबालिग हैं।
खदानों से अवैध बालू भरकर सड़कों पर फर्राटे मारते हुए यह ट्रैक्टर आए दिन राहगीरों की जान ले रहे हैं या उन्हें जख्मी कर रहे हैं। शुक्रवार (3 मार्च) को बबेरू कोतवाली क्षेत्र के भुराना पुरवा के पास ऐसी ही घटना में अवैध बालू से भरे ट्रैक्टर ने दो बच्चों को रौंदकर जान ले ली। इसे लेकर ग्रामीणों ने काफी बवाल किया। इसके पहले भी बुंदेलखंड में ट्रैक्टरों से कई मासूमों और अन्य राहगीरों की जान जा चुकी है। हादसे के बाद पुलिस और परिवहन विभाग दुर्घटना करने वाले ट्रैक्टर और उसके चालक के विरुद्ध कार्रवाई करके चुप्पी साध लेते हैं। इन्हें रोकने का कोई स्थाई कदम नहीं उठाया जाता।
मंडल में 10435 ट्रैक्टर पंजीकृत, इनमें 55 व्यवसायिक
बांदा। चित्रकूटधाम मंडलों के चारों जनपदों में कुल 10,435 ट्रैक्टर परिवहन विभाग में पंजीकृत हैं। इनमें मात्र 55 ट्रैक्टर व्यवसायिक कार्यों के लिए पंजीकृत कराए गए हैं। शेष 10,380 का उपयोग खेती बताया गया है। खेती के लिए खरीदे गए ट्रैक्टरों का कोई रजिस्ट्रेशन शुल्क या टैक्स नहीं है। जबकि व्यवसायिक कार्य के लिए पंजीकृत ट्रैक्टरों पर प्रतिमाह 1300 रुपये टैक्स लिया जाता है। इसके अलावा 1000 रुपये ट्रैक्टर का रजिस्ट्रेशन शुल्क लगता है। बालू ढुलाई कर रहे अधिकतर ट्रैक्टर खेती के लिए ही पंजीकृत कराए गए हैं। यानी हर तिमाही लाखों रुपये का टैक्स चोरी हो रहा है।
मंडल में पकड़े गए 91 ट्रैक्टर
बांदा। सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन/प्रशासन) वीरेंद्र सिंह का कहना है कि कृषि कार्य के लिए पंजीकृत ट्रैक्टर को व्यवसायिक काम में पकड़े जाने पर पांच हजार रुपये जुर्माना वसूला जाता है। उन्होंने बताया कि पहली अप्रैल 2016 से 31 जनवरी 2017 तक चित्रकूटधाम मंडल के चारों जिलों में कुल 91 ट्रैक्टर पकड़े गए हैं। इनसे 11 लाख 40 हजार रुपये जुर्माना और 6 लाख 44 हजार रुपये टैक्स वसूला गया है। सबसे ज्यादा 60 ट्रैक्टर हमीरपुर में पकड़े गए। महोबा में 26, बांदा में 11 और चित्रकूट में एक ट्रैक्टर पकड़ा गया है। इन सभी के विरुद्ध एमवी एक्ट की धारा 207 के तहत कार्रवाई की गई है।