शहरी उपभोक्ताओं के सरकारी राशन में कटौती कर अब
गांवों में एपीएल कार्ड धारकों को हर माह 10 किलो गेहूं वितरित किया जाएगा।
आवंटन कम होने से फिलहाल दो-दो तहसीलों का रोस्टर बनाया गया है। दैवीय
आपदा से पीड़ित ग्रामीणों की राहत के लिए खाद्य एवं रसद विभाग ने यह निर्णय
लिया गया है।
बारिश और ओलावृष्टि से ज्यादातर फसलें तबाह हो गई
हैं। इसके मद्देनजर आपूर्ति विभाग ने अप्रैल से ग्रामीण एपीएल कार्डधारकों
को भी हर माह 10-10 किलो गेहूं सस्ते दर पर देने का निर्णय लिया है। जिले
में करीब 2.42 लाख एपीएल कार्ड धारक हैं।
शहर के एपीएल कार्ड
धारकों के लिए 1105 और ग्रामीण एपीएल कार्डधारकों के लिए 617 एमटी गेहूं का
आवंटन होता है। अप्रैल से शहर के प्रति एपीएल कार्डधारक को 20 किलो के
स्थान पर 10 किलो गेहूं मिलेगा।
अप्रैल के लिए नगर क्षेत्र में
384.846 मीट्रिक टन, सदर तहसील के लिए 108.662 मीट्रिक टन और अतर्रा तहसील
के लिए 223.70 मीट्रिक टन का आवंटन हुआ है। जिला पूर्ति अधिकारी गौरव कुमार
चौधरी ने बताया कि गेहूं का आवंटन कम होने से हर माह दो-दो तहसीलों में
गेहूं का वितरण किया जाएगा।
इस माह अतर्रा व सदर तहसील को शामिल
किया गया है। मई में बबेरू व नरैनी तहसील में और जून में पैलानी के एपीएल
कार्ड धारकों को 10-10 गेहूं मिलेगा।