फोटो परिचय-1-मध्यप्रदेश को जोड़ने वाली सड़क की दुुर्दशा।
यूपी-एमपी को जोड़ने वाली सड़क गड्ढों में तब्दील
पानी भरे गड्ढों से बचने में गिरकर चुटहिल होते वाहन सवार
पैदल राहगीरों का भी क्षतिग्रस्त सड़क पर चलना हुआ दूभर
संवाद न्यूज एजेंसी
मटौंध (बांदा)। मध्य प्रदेश को जोड़ने वाली सड़क गड्ढों में तब्दील हो गई है। आलम यह है कि पानी भरे गड्ढों से बचने की कोशिश में हादसे हो रहे हैं। बाइक सवार और पैदल राहगीर गिरकर घायल हो रहे। बरसाती सीजन में पानी भरे गड्ढों में चार पहिया वाहन भी फंस रहे हैं। कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। इस मार्ग से सैकड़ों वाहन प्रतिदिन गुजरते हैं।
क्षेत्र के जखौरा (मटौंध) से सीमावर्ती एमपी के बदौरा पहरा, बम्हौरी, पटहरी आदि गांवों को जोड़ने वाले संपर्क मार्ग से आए दिन ओवरलोड गिट्टी और मौरंग लदे ट्रकों की आवाजाही रहती है। इससे सड़क ऊबड़-खाबड़ और गहरे व बड़े गड्ढों में तब्दील हो गई। गिट्टी और मिट्टी के अलावा सड़क में डामर का नामोनिशान नहीं है। हालत यह है कि सड़क के गड्ढों में भरा बारिश का पानी दुर्घटनाओं को दावत दे रहा है। बाइक चालकों और कार सवारों का इस मार्ग में वाहन चलाना मुश्किल है। चार पहिया वाहन फंसकर क्षतिग्रस्त हो रहे हैं।
बाइक चालक गड्ढों से बचने के चक्कर में गिरकर चुटहिल हो रहे। पैदल राहगीरों का भी निकलना दूभर है। बारिश का पानी रेलवे के अंडरब्रिज में भरने से मटौंध और गौरिहार (छतरपुर) मार्ग भी बंद हो जाता है। घमरहा और जखौरा प्रधान वीरेंद्र गुप्ता, मटौंध के प्रधान भानू प्रताप सिंह, बसहरी प्रधान रामदीन सहित ज्ञान सिंह, स्वर्ण सिंह रामशरण, छोटे रैकवार, राजेश आदि का कहना है कि कई बार सड़क निर्माण की मांग की गई, लेकिन किसी अधिकारी ने सुध नहीं ली। अब फिर डीएम से सड़क बनवाने की मांग की गई है।
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अतर्रा-बबेरू और कमासिन मार्ग भी जर्जर
ओरन। ओरन से अतर्रा-बबेरू और कमसिन मार्ग पूरी तरह से गड्ढों में तब्दील हो गया। सिंगल रोड होने से वाहनों के चलते पैदल निकलना भी दूभर है। साइकिल, बाइक और टेंपो जैसे छोटे वाहन से चलने में इस मार्ग में भारी संकट का सामना करना पड़ रहा है। ओरन नगर से चुहका पुरवा, मरौली तथा मझींवा सानी के पास बड़े-बड़े गड्ढे हो गए। ओरन से अतर्रा सड़क की लंबाई 20 किमी, ओरन से बबेरू 20 किमी और कमासिन की दूरी 25 किमी है। पीडब्ल्यूडी से लगभग तीन साल पहले तीनों सड़कों की मरम्मत को लाखों रुपये खर्च किए गए थे। साल गुजर जाने के बाद अब पूरी तरह गड्ढों में तब्दील हो गई।