पंडित जेएन कालेज के स्वर्ण जयंती समारोह में
सुप्रसिद्ध गायक व संगीतकार रवींद्र जैन समेत मुंबई के फनकारों ने समां
बांध दी। कड़ाके की ठंड के बावजूद बड़ी संख्या में श्रोता मौजूद रहे।
‘महाविद्यालय’ पर स्वरचित गीत सराहा गया।
भजन संध्या की शुरुआत सरस्वती
वंदना से हुई। गायक रवींद्र जैन ने ‘राम-सियाराम, सियाराम जय-जय राम’ भजन
के बाद ‘राम तेरी गंगा मैली हो गई, पापियों के पाप धोते-धोते’ व ‘घुंघरू की
तरह बजता ही रहा हूं मैं’ गीत पर खूब तालियां गूंजीं।
महाविद्यालय पर
बनाया गीत ‘झूम के गाओ, नाचो गाओ, स्वर्ण जयंती आई-रे-आई’ पर भी जमकर
तालियां बजीं। गायिका नीता ने ‘एक प्रेम दीवानी, एक राधा, एक मीरा’,
‘अंखियों के झरोखे से’ और दीपिका शुक्ला के ‘मैं हूं एक रंग हिना’ गीत पर
श्रोता झूम उठे।
गायक नितिन ने ‘गीत गाता चल ओ साथी गुनगुनाता चल’
पेश किया। कृष्णाचंद्र के ‘कौन दिशा में लेकर चला रे बटुहिया’ गीत पर पंडाल
तालियों से गूंज गया। समापन रवींद्र जैन के रामायणी गीत ‘राम जयराम, जय-जय
राम’ से हुआ। महाविद्यालय प्राचार्य व समारोह संयोजक डॉ. नंदलाल
शुक्ल ने अतिथियों को शाल और स्मृति चिन्ह भेंट किए।
इस अवसर पर मंडलायुक्त
मुरलीधर दुबे, जनपद न्यायाधीश रामकृष्ण गौतम, जिलाधिकारी सुरेश कुमार,
पुलिस अधीक्षक पीयूष श्रीवास्तव, एडीएम डीएस पांडेय, सिटी मजिस्ट्रेट केएस
पांडेय, एसडीएम सदर प्रहलाद सिंह समेत कई अफसर, टीचर्स व छात्र नेता
उपस्थित रहे।