बांदा। बड़े भाई की ससुराल गए युवक का शव पेड़ पर साड़ी के सहारे लटके मिलने के मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हैगिंग आया है। शरीर में प्रदर्शित अन्य चोटों पर पुलिस का कहना है कि जब वह ससुराल जा रहा था, तब रास्ते में एक वृद्ध से टकराकर घायल हो गया था। उसके गाल, घुटने पर छिलने के निशान थे। उधर, इस प्रकरण में युवक की रिश्ते की साली ने भी फंदा लगा लिया था, उसका कानपुर के हैलट में इलाज चल रहा है। घटना के पीछे प्रेम प्रसंग बताया जा रहा है।
जसपुरा थाना क्षेत्र के बरेहटा गांव के मजरा फकीरा डेरा निवासी छंगा निषाद ने बताया कि उसका पुत्र रामबली (28) बुधवार को सुबह अपने बड़े भाई रामसहाय की ससुराल मरका थाना क्षेत्र के कबीरपुर गांव गया था। शुक्रवार को सुबह उसका शव कबीरपुर निवासी फूलचंद्र के खेत में बबूल के पेड़ पर साड़ी से लटका मिला था। बताया कि जब घटना की जानकारी युवक की रिश्ते की 25 वर्षीय साली को हुई तो उसने भी घर में फंदा लगाकर जान देने का प्रयास किया था। हालांकि परिजनों ने उसे फंदे से उतारकर जिला अस्पताल पहुंचाया था। यहां से डॉक्टरों ने उसे कानपुर हैलट रेफर किया था। वहां उसका इलाज किया जा रहा है। पिता ने बताया कि रामबली कर्नाटक में मजदूरों की ठेकेदारी करता था। उसने दो साल पहले चचिया ससुर को डेढ़ लाख रुपये भी दिए थे। कई बार अपना पैसा मांगा, लेकिन चचिया ससुर ने पैसा नहीं दिया। आरोप लगाया कि बुधवार को वह पैसा लेने भाई की ससुराल गया था। वहां विवाद होने पर उसके पुत्र को मारपीट कर फंदे से लटका दिया गया है। शव का डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमार्टम कराया गया है। मरका थाना इंस्पेक्टर मिथलेश सिंह ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हैगिंग आया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में शरीर में जो चोट प्रदर्शित हो रही हैं वह सड़क हादसे की हैं। बुधवार को युवक के गांव जाते समय एक व्यक्ति से भिड़कर चोटें आईं थीं। युवती ने मौत की खबर पर फंदा लगाया था, उसका इलाज चल रहा है। अभी बयान नहीं हो सके हैं।