प्रदूषित जलापूर्ति के विरोध में प्रदर्शन करते लोको पायलट।
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बांदा। पीने के लिए मिल रहे पानी में कीड़े और प्रदूषण से रेलवे के लोको पायलट भड़क गए। वरिष्ठ खंड अभियंता (कार्य) के विरुद्ध लोको लाबी में विरोध जताया। कहा कि पूर्व में कई बार इस समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन कोई तवज्जो नहीं दी गई।
सोमवार को दोपहर लोको पायलटों ने लोको में ही विरोध प्रदर्शन किया। कहा कि कई बार मेमो देकर प्रदूषित पानी के बारे में अवगत कराया जा चुका है। स्टेशन प्रबंधक और अन्य उच्चाधिकारियों को भी बताया गया, लेकिन पानी में कोई सुधार नहीं हुआ। लाबी में लगे वाटर कूलर में कीड़े बिलबिला रहे हैं। इसका पानी पीकर दो लोको पायलट संदीप और शेखर पीलिया के शिकार हो चुके हैं।
आरोप लगाया कि अधिकारी उनकी सेहत से खिलवाड़ कर रहे हैं। फिटकरी और ब्लीचिंग पाउडर ब्लैक करने का आरोप लगाया। दूसरी तरफ रेलवे के वरिष्ठ खंड अभियंता एके श्रीवास्तव ने बताया कि छह माह पूर्व टंकी की सफाई कराई गई थी। समय-समय पर फिटकरी डाली जाती है। मौजूदा समय में भी 74 क्विंटल फिटकरी और साढ़े सात क्विंटल ब्लीचिंग स्टाक में है। फिल्टर पानी आपूर्ति किया जाता है।