हाईवे के चौड़ीकरण में क्षतिग्रस्त पाइप लाइन से बहता पानी।
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नेशनल हाईवे के चौड़ीकरण कार्य से कई गांवों सहित बांदा शहर की जलापूर्ति बाधित होने का खतरा हो गया है। चौड़ीकरण के लिए की जा रही खुदाई में जल संस्थान की मेन राइजिंग पाइप लाइन जगह-जगह क्षतिग्रस्त कर दी गई। अधिशासी अभियंता ने जल संस्थान महाप्रबंधक को पत्र भेजकर कहा है कि तत्काल इस पर रोक न लगाई गई तो शहर की जलापूर्ति व्यवस्था बाधित हो सकती है।
अधिशासी अभियंता वीरेंद्र कुमार श्रीवास्तव ने अपने पत्र में कहा है कि नेशनल हाईवे के किलोमीटर-193 से 215 तक (मटौंध-अतर्रा चुंगी) में सड़क चौड़ीकरण के लिए यहां पड़ी पाइप लाइनों को हटाकर अन्यत्र शिफ्ट करने के लिए 8 करोड़ का इस्टीमेट भेजा गया था। लेकिन नेशनल हाईवे डिवीजन ने अब तक यह पैसा उपलब्ध नहीं कराया।
साथ ही सड़क चौड़ीकरण का काम शुरू कर दिया। लगभग 30-35 स्थानों पर पाइप लाइनों को क्षतिग्रस्त कर दिया गया है। खंडेह समूह पेयजल योजना से जुड़े सात गांवों की जलापूर्ति पूरी तरह ठप हो गई है। यह भी कहा है कि सरस्वती बालिका इंटर कालेज के पास 68 फीट मिट्टी की भराई के काम में पाइप लाइन को क्षतिग्रस्त कर दिया गया है। पूरे शहर में जलापूर्ति बाधित हो सकती है।