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राजकीय मेडिकल कॉलेज में ओपीडी खुली, डॉक्टर गायब

Fri, 13 Mar 2015 11:18 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बांदा
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राजकीय मेडिकल कॉलेज की जिस ओपीडी का गुरुवार को सीएम ने उदघाटन किया, अगले दिन शुक्रवार को वहां वीरानी नजर आई।
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गिने चुने डॉक्टर अपना कोरम पूरा करते दिखे। आधे से ज्यादा डॉक्टरों के अपनी सीट से गायब रहने की वजह से मरीज उनकी तलाश में भटकते रहे। पैथोलॉजी में भी ताला जड़ा रहा। शुक्रवार को मेडिकल कॉलेज का नजारा देखकर सीएम अखिलेश यादव की जताई आशंका सच साबित प्रतीत हुई।

सीएम ने उदघाटन के मौके पर संबंधित विभाग के अधिकारियों को आगाह किया था कि उनके सामने सफेद ड्रेस में खड़े किए गए डॉक्टर ऐसा न हो कि उनके जाते ही बस में बैठकर चलते बनें।
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शुक्रवार को अमर उजाला ने मुख्यमंत्री की आशंका को मेडिकल कॉलेज में परखा तो यह सच साबित हुई। कई डॉक्टरों पर कोई असर नहीं हुआ। दोपहर में जनरल सर्जन कक्ष में एक डॉक्टर नदारद मिले। मौजूद डॉक्टर ने उनके बारे में कुछ भी बताने से इनकार कर दिया।

हड्डी रोग विभाग में दो डॉक्टरों के स्थान पर सिर्फ डॉ.आशीष नगायच ही उपस्थित थे। वह भी कमरे के बाहर खड़े होकर मरीज देखते रहे। जनरल मेडिसिन में पांच डॉक्टरों की नियुक्ति हुई है पर मौजूद सिर्फ डॉ.अनिल कुशवाहा और डॉ.सुधीर सिंह ही मिले। बाल रोग विभाग में तीन में से मात्र एक डॉ.अशोक कुमार सिंह उपस्थित थे।

नाक, कान, गला विभाग में दोपहर को कोई भी डॉक्टर नहीं था। मरीज इंतजार करते रहे। बताया गया कि डॉक्टर इस समय प्रिंसिपल के पास हैं। नेत्र रोग विभाग में दोनों डॉक्टर उपस्थित नहीं थे।

बताया गया कि कुछ देर पहले मौजूद थे। पैथोलॉजी में भी ताला जड़ा मिला। यहां दो डॉक्टरों की नियुक्ति हैं, लेकिन फिलहाल वरदवर्धन ही तैनात बताए गए हैं। वह भी नहीं मिले।

राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्रिसिंपल डॉ.आरपी सिंह ने इस संबंध में कहा कि कुछ डॉक्टरों ने कार्यभार ग्रहण नहीं किया है। ड्यूटी से नदारद डॉक्टरों के बारे में जानकारी करेंगे। फिलहाल किसी ने शिकायत नहीं की। कहीं इधर-उधर हो गए होंगे।

25 की नियुक्ति, ड्यूटी पर आए सिर्फ 15 डॉक्टर
मेडिकल कॉलेज में कागजों पर 25 डॉक्टरों की नियुक्ति हो गई है। इन्हें विभिन्न 10 विभागों में नियुक्त किया गया है। किंतु शुक्रवार को ड्यूटी पर सिर्फ 15 ही आए।

इनमें भी ज्यादातर पूरे समय मरीज देखने के बजाए इधर-उधर गायब रहे। मुख्यमंत्री की चेतावनी भी इस रवैये में कोई सुधार नहीं ला सकी है।

इनकी है तैनाती
जनरल मेडिसिन में डॉक्टर विजय किशोर पटेल, डॉ.सुधीर कुमार सिंह, डॉ.अनिल कुमार कुशवाहा, डॉ.विपिन कुमार प्रियदर्शी और डॉ.संजय कुमार की नियुक्ति बताई गई है। जनरल सर्जरी में डॉ.सुनील कुमार बंसल, डॉ.पीयूष अग्रवाल, डॉ.वीरेंद्र कुमार और डॉ.छत्रपाल सिंह हैं।

आर्थोपेडिक्स में डॉ.आशीष नगायच और डॉ.सुजीत को नियुक्त किया गया है। स्त्री रोग विशेषज्ञ विभाग में डॉ.निधि सिंह, डॉ.कंचन सिंह और डॉ.कांती सिंह की नियुक्ति है।
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मरीज रहे परेशान
शुक्रवार को दोपहर हड्डी रोग विभाग में अपनी जांच रिपोर्ट दिखाने आया निवादा गांव का मरीज रजा मोहम्मद डॉक्टर की तलाश में इधर-उधर भटकता रहा।

मवई गांव के राजेश कुमार यादव ने कहा कि वह दोपहर से डॉक्टर के इंतजार में बैठा है। डॉक्टरों के कक्ष के बाहर बैठे तमाम मरीजों ने यही शिकवा-शिकायतें की।

जनरल मेडिसिन कक्ष के बाहर अपनी बारी के इंतजार में बैठे आत्माराम द्विवेदी व साधना द्विवेदी (शिव मवई), अंचल तिवारी (बिसंडा) ने आरोप लगाया कि मरीजों को बुलाने वाला कर्मचारी मनमानी कर रहा है। 

ओपीडी शुरू होने के बाद शुक्रवार को 300 मरीजों का पंजीयन हुआ है।
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