अधिवक्ता संघ महासचिव के साथ घर में घुसकर मारपीट और
लूटपाट के मामले में सिविल लाइन चौकी इंचार्ज दरोगा की भूमिका से खफा
अधिवक्ताओं ने डीएम और एसपी से मिलकर दरोगा के विरुद्ध कार्रवाई की मांग
की।
एसपी ने रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश दिए हैं। साथ ही दरोगा की
भूमिका की जांच के लिए नगर क्षेत्राधिकारी को नियुक्त किया है। संघ महासचिव
के साथ हुई घटना की जांच क्राइम ब्रांच करेगी।
बृहस्पतिवार को
जिला अधिवक्ता संघ का प्रतिनिधिमंडल अध्यक्ष अशोक कुमार शुक्ला और अन्य
पदाधिकारियों के नेतृत्व मेें एसपी पीयूष श्रीवास्तव से मिला। शिकायत की कि
महासचिव जयराज सिंह के साथ रामबाबू सिंह और तीन अज्ञात लोगों ने मारपीट और
लूटपाट की।
सिविल लाइन चौकी इंचार्ज केशव वर्मा की मिलीभगत से
अभियुक्तों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज नहीं हुआ। यह भी आरोप लगाया कि दरोगा ने
मेडिकल में भी दबाव डालकर गलत रिपोर्ट दिलवाई। इसके विरोध में अधिवक्ता
बृहस्पतिवार और शुक्रवार को दो दिन की हड़ताल पर चले गए हैं। अधिवक्ता संघ
ने चौकी प्रभारी केशव वर्मा के स्थानांतरण की भी मांग की। एसपी ने उन्हें
कार्रवाई का आश्वासन दिया।
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि संघ महासचिव
के साथ हुई घटना की रिपोर्ट दर्ज किए जाने के आदेश दे दिए गए हैं। साथ ही
इस मामले की जांच चौकी इंचार्ज केशव वर्मा से छीनकर क्राइम ब्रांच को सौंप
दी गई है।
इस मामले में चौकी प्रभारी की भूमिका और उन पर लगाए गए
आरोपों की जांच नगर क्षेत्राधिकारी द्वारा की जाएगी। डीएम-एसपी से मिलने
वाले अधिवक्ताओं में अध्यक्ष और महासचिव समेत कोषाध्यक्ष राम प्रकाश
शिवहरे, उमाशंकर पाल, अमित रंजन, गंगा प्रसाद चतुर्वेदी, जय प्रकाश शाहू
आदि शामिल रहे।