फोटो-22- कलक्ट्रेट में ज्ञापन देने के बाद छात्र। संवाद
बांदा। पंडित जवाहर लाल नेहरू महाविद्यालय की प्रबंध समिति भंग होने के बाद प्रस्तावित प्रशासकीय व्यवस्था में पूर्व प्राचार्य को प्राधिकार नियंत्रक बनाए जाने की संभावित चर्चा पर छात्र-छात्राओं ने आपत्ति जताई है।
छात्र प्रतिनिधियों ने राज्यपाल को संबोधित पत्र डीएम के माध्यम से भेजकर निष्पक्ष व्यक्ति को जिम्मेदारी सौंपने की मांग की है। छात्रों ने पत्र में आरोप लगाया गया है कि पूर्व प्राचार्य के कार्यकाल में छात्र-छात्राओं से ओ-लेवल कंप्यूटर पाठ्यक्रम के नाम पर प्रति छात्र 1,440 रुपये लिए गए थे। आरोप है कि न तो कक्षाएं संचालित की गईं और न ही विद्यार्थियों को प्रमाणपत्र दिए गए।
वहीं, सेवानिवृत्ति के बाद भी पूर्व प्राचार्य द्वारा प्राचार्य आवास खाली न किए जाने का आरोप लगाया गया। कहा कि अगर प्राधिकार नियंत्रक की नियुक्ति आवश्यक हो तो सेवारत या सेवानिवृत्त न्यायिक अधिकारी अथवा निष्पक्ष वरिष्ठ शिक्षाविद को जिम्मेदारी सौंपी जाए। (संवाद)