बांदा। गर्मी की छुट्टियों से पहले छात्राओं ने ‘पुलिस की पाठशाला’ में कुछ देर शिक्षा ली। शिक्षिकाएं भी साथ थीं। टीचर की भूमिका पुलिस, परिवहन और माध्यमिक शिक्षा विभाग के अफसरों ने निभाई। छात्राओं और शिक्षिकाओं ने यातायात नियमों का पालन करने का संकल्प भी लिया। मौका था शुक्रवार को आर्य कन्या इंटर कालेज में ‘अमर उजाला फाउंडेशन’ द्वारा आयोजित पुलिस की पाठशाला का। छात्राओं को सड़क पर सुरक्षित चलने के टिप्स भी दिए गए।
कालेज के सभागार में आयोजित कार्यक्रम में पुलिस उपाधीक्षक प्रभात कुमार ने छात्राओं को संकल्प दिलाया कि पैदल चलें या दो पहिया अथवा अन्य वाहनों से, ट्रैफिक नियमों का पालन जरूर करेंगी। यातायात पुलिस को सहयोग करेंगी। सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (एआरटीओ) वीरेंद्र सिंह ने इस बात पर अफसोस जताया कि मात्र पांच फीसदी दोपहिया चालक हेलमेट पहनते हैं। उन्होंने ड्राइविंग लाइसेंस जारी करने की प्रक्रिया बताई। बताया कि 18 साल से कम उम्र में लाइसेंस नहीं बनता, लेकिन अभिभावकों के विशेष अनुरोध पर 16 वर्ष की उम्र में हल्के दो पहिया वाहन का ड्राइविंग लाइसेंस दिया जा सकता है।
कार्यक्रम के खास मेहमान डीआईओएस हिफजुर्रहमान ने कहा कि छात्र-छात्राओं को अनुशासित रहना बेहद जरूरी है। ट्रैफिक नियमों का पालन अनुशासन सिखाता है। इसमें खुद की सलामती और अभिभावकों की खुशहाली का राज छिपा है। उन्होंने छात्राओं को छुट्टी के दिनों में जमकर पढ़ने और मेधावी बनने को प्रेरित किया।
अध्यक्षता कर रहीं आर्य कन्या इंटर कालेज की प्रबंधक शमीम बानो ने खुशी जताई कि ‘अमर उजाला फाउंडेशन’ ने इस कार्यक्रम के लिए उनके कालेज को चुना। उन्होंने छात्राओं से कहा कि ट्रैफिक के जो नियम यहां बताए गए हैं, उनका खुद भी पालन करें और अपने परिवार को भी प्रेरित करें। ट्रैफिक पुलिस उप निरीक्षक महेंद्र सिंह ने कहा कि ज्यादातर छात्राएं स्कूटी या साइकिल पर चलती हैं। हमेशा अपने बाएं चलें। सड़क पर फैलकर न चलें। यातायात नियमों संबंधी सिंबल पहचानें।
हेलमेट के बताए फायदे
ट्रैफिक कांस्टेबल मोहम्मद शरीफ ने विस्तार से ट्रैफिक नियमों की जानकारी और उन पर अमल करने के फायदे और न करने के नुकसान बताया। उन्होंने हेलमेट पहनने पर खास जोर दिया। साथ ही अतिक्रमण पर चिंता जताई। कांस्टेबल महेंद्र सिंह ने कहा कि सड़क हादसों में 98 फीसदी मौतें हेलमेट न लगाने से होती हैं। सिर सुरक्षित तो सब सुरक्षित।
कार्यक्रम का संचालन शिक्षिका नीलांजला गुप्ता ने किया। शुरुआत में छात्रा याशिका राजपूत, निशा धुरिया, काजल गुप्ता और रोशनी तिवारी ने स्वागत गीत गाया। छात्रा श्रृंखला सिंह और अंकिता गुप्ता ने अतिथियों और प्रधानाचार्य उर्मिला देवी ने प्रबंधक शमीम बानो को बैज लगाया। ‘अमर उजाला’ परिवार के रामशरण दीक्षित ने अधिकारियों को बैज लगाया।
समाज की भलाई से ‘अमर उजाला’ का सरोकार
‘अमर उजाला’ ब्यूरो प्रमुख रशीद सिद्दीकी ने कहा कि ‘अमर उजाला फाउंडेशन’ समाज की भलाई से सरोकार रखने वाले कार्यक्रम लगातार आयोजित कर रहा है। उन्होंने स्व. अतुल माहेश्वरी छात्रवृत्ति, ब्लड डोनेशन कैंप, स्वास्थ्य चेकअप कैंप और पुलिस की पाठशाला आयोजनों का हवाला दिया।
साथ ही कार्यक्रम में आए अधिकारियों, कर्मचारियों और आर्य कन्या कालेज की प्रबंधक, प्रिसिंपल, टीचर, स्टाफ और छात्राओं का शुक्रिया अदा किया। कार्यक्रम के अंत में अधिकारियों, टीचरों और छात्राओं ने हाथ उठाकर यातायात नियमों के पालन की शपथ ली।
इस अवसर पर एचसीपी (यातायात) राम प्रसाद, कांस्टेबिल अजय कुमार सिंह, नदीम अहमद, मोहम्मद शरीफ, महेंद्र सिंह तथा अमर उजाला परिवार के प्रदीप द्विवेदी, नरेंद्र सिंह, पंकज शर्मा, सत्येंद्र श्रीवास्तव, सीमांत खरे, तेज प्रकाश, वीरेंद्र खरे, हीरालाल गुप्ता भी मौजूद रहे।