बांदा। ई-खसरा पड़ताल में लापरवाही पर सात ग्राम पंचायत सचिवों को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया है। शासन की सख्ती के बाद भी 17 गांवों में ई-खसरा पड़ताल काम अधूरा पड़ा है। जिला पंचायत राज अधिकारी ने सचिवों को निर्देश दिए है कि चार दिन में ई-खसरा पड़ताल का काम पूरा किया जाए अन्यथा की दशा में संबंधित पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
ई-खसरा पड़ताल शासन की प्राथमिकता में है। शासन की समीक्षा में पाया गया कि जनपद के बबेरू ब्लाक के ग्राम धनसौल, निलाथू, तिंदवारी ब्लाक के माटा, बहिंगा, जौहरपुर, जसपुरा ब्लाक के नांदादेव, बडोखर खुर्द ब्लाक के लामा, कमासिन ब्लाक के तिलौसा, कुम्हेढ़ासानी, राघौपुर, खटान, इंगुवा,, महुआ ब्लाक के अजीतपारा, बहेरी, बिसंडा ब्लाक के अकौना, कोर्राखुर्द, तेंदुरा में ई-खसरा पड़ताल का काम आधा भी नहीं हुआ।
ई-खसरा पड़ताल में सचिवों द्वारा कोई रूचि नहीं ली जा रही है। निदेशक पंचायती राज ने नाराजगी जाहिर करते हुए डीपीआरओ को कार्रवाई के निर्देश दिए है। शासन के आदेशों के क्रम में डीपीआरओ राजेंद्र कुमार ने ई-खसरा पड़ताल में लापरवाही करने वाले सात ग्राम पंचायत सचिवों को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है।
कहा कि ई-खसरा पड़ताल में लापरवाही से जनपद की शासन स्तर पर छवि खराब हो रही है। लिहाजा चार दिन में ई-खसरा पड़ताल का काम शत प्रतिशत पूरा किया जाए। अन्यथा की दशा में आप सहित पंचायत सहायकों के खिलाफ वेतन रोकने सहित सख्त कार्रवाई के लिए शासन को लिखा जाएगा।