बांदा। ग्राम दुरेडी में केन नदी किनारे प्रस्तावित 24 हेक्टेयर के मौरंग खनन पट्टे को लेकर बुंदेलखंड इंसाफ सेना ने आपत्ति जताई है।
संगठन ने मुख्यमंत्री को जिलाधिकारी के माध्यम से ज्ञापन भेजकर स्थल की संयुक्त जांच कराने और आपत्तियां सही पाए जाने पर एमएस ओम ट्रेडर्स की खनन लीज निरस्त करने की मांग की है। संगठन के पदाधिकारियों ने सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में संगठन ने दावा किया है कि प्रस्तावित खनन क्षेत्र के एक पिलर से ओवरहेड वाटर टैंक की दूरी करीब 140 मीटर है। वहीं पिलर ए से भूरागढ़ किले की दूरी करीब 400 मीटर बताई गई है। संगठन के अनुसार भूरागढ़ किला एएसआई संरक्षित स्मारक है। ऐसे में खनन से जलापूर्ति ढांचे और स्मारक की सुरक्षा प्रभावित होने की आशंका जताई गई है।
ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि पिलर डी और ई के पास जलापूर्ति की पक्की नाली है। इसके अलावा प्रस्तावित क्षेत्र के समीप निर्माणाधीन नदी पुल के पिलर एच से करीब 100 मीटर दूरी होने का दावा किया गया है। संगठन ने खनन से पुल की नींव, पिलर और अन्य संरचनाओं की सुरक्षा प्रभावित होने की आशंका जताई है।
संगठन ने खनन, सिंचाई, जलापूर्ति, लोक निर्माण विभाग और एएसआई के अधिकारियों से संयुक्त स्थलीय जांच कराने की मांग की है। प्रदेश अध्यक्ष मोहनलाल वर्मा ने कहा कि एक माह में लीज निरस्त नहीं होने पर अशोक लाट पर आमरण अनशन किया जाएगा। ज्ञापन राष्ट्रीय अध्यक्ष एएस नोमानी समेत अन्य पदाधिकारियों की ओर से दिया गया।