बांदा। केन और यमुना नदियों से खनिज विभाग सवा अरब रुपये से ज्यादा और कमाएगा। मई में 37 करोड़ से ज्यादा की रायल्टी में आठ खदानें पट्टे में देने के बाद अब अक्तूबर में 32 और खदानें ई-टेंडर के जरिये पट्टे पर दी जा रही हैं। इन खदानों का क्षेत्रफल 214 हेक्टेयर है। खदानों का पट्टा पांच वर्षों के लिए होगा। 150 रुपये प्रति घन मीटर की दर से कुल रायल्टी एक अरब 11 करोड़ 64 लाख रुपये वार्षिक निर्धारित की गई है। पट्टे पांच वर्ष के लिए होंगे। यानि खनिज विभाग सवा छह अरब रुपये की ज्यादा की रायल्टी वसूलेगा। टेंडरदाताओं में इससे अधिक रायल्टी दर देने की प्रतिस्पर्धा होगी। खनिज विभाग इसी का लाभ उठाएगा।
हाईकोर्ट के आदेश पर खनिज विभाग ने जिले की 8 खदानों को मई में छह माह के लिए 37 करोड़ 18 लाख 57 हजार 560 रुपये में ई-टेंडर से पट्टे पर दिया था। अब फिर केन और यमुना नदियों की 32 अन्य खदानें ई-टेंडर के जरिये दी जा रही हैं। बुधवार को शाम जिलाधिकारी ने ई-टेंडर सूचना जारी की है। इन खदानों का कुल क्षेत्रफल 214.11 हेक्टेयर है। टेंडर सूचना में यह भी बताया गया है कि किस खदान में कितने घन मीटर खनन योग्य बालू उपलब्ध है। इसी आधार पर 150 रुपये प्रति घन मीटर की दर से रायल्टी राशि निर्धारित की गई है। इस राशि की 25 फीसदी रकम अर्नेस्ट मनी के रूप में निविदाता को जमा करनी होगी। अर्नेेस्ट मनी के रूप में टेंडरदाताओं से लगभग 35 लाख रुपये पहले जमा कराए जाएंगे।
ई-टेंडर/ ई-नीलामी के पहले चरण में 7 अक्तूबर को सुबह 10 बजे से 11 अक्तूबर शाम 5 बजे तक टेंडर पड़ेंगे। 12 व 13 अक्तूबर को इन्हें खोला जाएगा और मूल्यांकन होगा। दूसरे चरण में 16 से 27 अक्तूबर तक आनलाइन टेंडर होंगे।
प्रस्तावित खदानें और उनमें उपलब्ध बालू (केन व यमुना नदियां)
------
खप्टिहाकलां 7,94, 800 घन मीटर बालू, सिंधनकलां में 3,64,200 घन मीटर बालू, सांड़ी खादर 9,20,0000 घनमीटर बालू, अमलीकौर खादर (दो खदान) 50,05,8,000 घन मीटर। कोलावल रायपुर (दो खदानें) 4-4 लाख घन मीटर, निहालपुर (स्योढ़ा) 6.40 लाख घन मीटर, रिसौरा 3.60 घन मीटर, लहुरेटा (दो खदानें) प्रत्येक 6.60 लाख घन मीटर, बिल्हरका (दो खदानें) 5-5 लाख घन मीटर, बदौसा 2,41,100 घनमीटर, भदावल 2,29,400 घन मीटर, मरका खादर (चार खदानें) 4-4 लाख घन मीटर, लोहरा 1.70 लाख घन मीटर, भुरेड़ी 7.40 लाख घनमीटर, दुरेड़ी (चार खदानें) क्रमश: 4.80 एवं 8 लाख, 5.40 व 4 लाख घन मीटर।
मई में हुए थे आठ खदानों के पट्टे
बांदा। मई में छह माह के लिए ई-टेंडर से 8 खदानों के पट्टे हुए थे। इनमें हटेटीपुरवा-1 खदान शैलेंद्र यादव (नैनीताल) व हटेटीपुरवा-2 खदान वीर सिंह (सिविल लाइन, बांदा), खप्टिहा-1 व चंदौर खदान नादर्न एक्सप्रेस-वे (गोरखपुर), खप्टिहा-2 खदान रवींद्र सिंह (अर्दली बाजार, बांदा), सिंधनकलां खदान पार्थ कांस्ट्रक्शन (झांसी), कुल्लूखेड़ा खदान दिजियाना, इंदौर और लमेहटा खदान एसोसिएटेट कामर्स, भोपाल को मिली है।