फोटो-16 : सांसद को ज्ञापन देते शिक्षक संघ पदाधिकारी व शिक्षक। संवाद
बबेरू। शिक्षक पात्रता परीक्षा के विरोध में शिक्षकों ने प्रदर्शन करते हुए सांसद को पत्र सौंपा। कहा कि यह शिक्षकों के विपरीत निर्णय हैं, इससे उन्हें परेशानियों का सामना करना पडे़गा। उप्र पूर्व माध्यमिक शिक्षक परिषद के आह्वान पर रविवार को शिक्षकों ने सांसद कृष्णा पटेल को पत्र सौंपा। संघ के जिलाध्यक्ष शैलेंद्र कुमार मिश्रा व आदित्य प्रकाश द्विवेदी ने बताया कि हजारों शिक्षकों की नियुक्ति पुरानी सेवा नियमावली के तहत हुई थी।
वर्षों बाद नई योग्यता के आधार पर उन्हें अयोग्य करार देना उचित नहीं है। 20 से 35 वर्षों से सेवारत शिक्षक इस फैसले से चिंतित हैं। प्रधानमंत्री को संबोधित पत्र में शिक्षकों ने तीन प्रमुख मांगें रखी हैं। इसमें सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर पुनर्विचार करने, एनसीटीई द्वारा 2017 में किए गए आईटी एक्ट संशोधन को रद्द किए जाने तथा विभागीय अधिकारियों और संगठन प्रतिनिधियों के साथ मिलकर नीतिगत समाधान निकाले जाने की बात कही है।
इस दौरान अनूप कुमार तिवारी, आलोक कुमार, विद्याभूषण सिंह, रविकरण सैनी, मनोज कुमार, राकेश कुमार सिंह, भूपेंद्र सिंह, रौनक, आलम मुश्ताक, पुष्पराज सिंह, राजेश वर्मा, मनोज कुमार, राजकुमार मिश्रा, सावन कुमारी, गीता सिंह, शशिकला दीक्षित, ममता सिंह सहित अन्य शिक्षक मौजूद रहे।
फोटो-16 : सांसद को ज्ञापन देते शिक्षक संघ पदाधिकारी व शिक्षक। संवाद