बांदा। जल जीवन मिशन की हर घर नल से जल योजना में कंपनी के अधिकारियों द्वारा किए गए भौतिक सत्यापन में करीब 36 गांवों में लीकेज और नालियां खुली मिली। इन्हें दो दिन के अंदर ठीक किए जाएंगे।
सोमवार को अमर उजाला ‘नलों में पानी आया नहीं, दलदल बन गए गांव’ शीर्षक से जिले के विभिन्न गांवों की पड़ताल की खबर प्रमुखता से प्रकाशित की थी। जिलाधिकारी ने खबर को संज्ञान लेते हुए जल निगम (ग्रामीण) के अधिशासी अभियंता को खुली पाइप लाइनों के गड्ढों को भरने और लीकेज को अभियान चलाकर ठीक कराने के निर्देश दिए है।
डीएम के निर्देश पर योजना के तहत हर घर नल से जल योजना में काम कर रही कार्यदायी संस्था एलएंडटी व एनसीसी के अधिकारी गांव-गांव खुदे पड़े पाइप लाइन के गड्ढों व लीकेज ढूंढने निकल पड़े।
जेई सुरेश गुप्ता ने बताया कि भौतिक सत्यापन में तिंदवारी में मुगुंस, भुजौली, धौसड़, जौहरपुर, माटा, अमलीकौर, बेंदा, खौडा, डिघवट, खप्टिहाकला, खैरेई, बंबिया, अमलौर व बबेरू में पतवन, मझींवा, पून, अनवान, मझीला, बघेटा, मुरवल, व्योजा, केलनुवा, बरौली आजम, जनवारा, पिस्टा में लीकेज मिले। इन्हें ठीक करने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। एक दो दिन में सभी लीकेज ठीक करा दिए जाएंगे।
बताया कि सांडा, कायल, मडुवा, पल्हरी, कोरारी में नालियां खुली मिलीं। नालियों को मिट्टी और कंकरीट से भरने का काम भी शुरू कर दिया गया है।