अतर्रा। कुशवाहा, मौर्य, शाक्य व सैनी समाज के
सामूहिक विवाह समारोह में 19 जोड़ों ने दांपत्य सूत्र में बंधकर साथ जीवन
जीने की शपथ ली। बौद्धाचार्यों ने बौद्ध रीति रिवाज से सभी रस्में पूरी
कराईं। जोड़ों को उपहार भेंटकर विदाई दी गई।
तथागत इंटर कॉलेज
परिसर में रविवार को इलाहाबाद उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति रामसूरत राम
मौर्य ने फीता काटा और दीप जलाया। वैवाहिक समारोह की शुरुआत कराई।
सातवें
आदर्श सामूहिक विवाह में भंते संघ रतन, करुणा सागर, थम्म सागर, धम्म रवित,
बुद्ध सेन, धम्म पाल, आनंद, धम्म घोष आदि ने बुद्ध की प्रतिमा के सामने
शादी की सभी रस्में पूरी कराईं।
समिति ने सभी जोड़ों को गौतम बुद्ध
की प्रतिमा सहित चांदी-सोने के आभूषण व घरेलू उपयोग की वस्तुएं भेंट की।
न्यायमूर्ति रामसूरत मौर्य और विद्यालय के वित्त नियंत्रक शिवशरण सिंह
कुशवाहा ने जोड़ों को प्रमाणपत्र दिए।
व्यवस्था में शिवशरण सिंह
कुशवाहा, जगमोहन सिंह, डॉ.जगरूप कुशवाहा, रामभवन कुशवाहा, विजय बहादुर,
धनीराम बलदानी, राजबहादुर, गया प्रसाद रहे। थानाध्यक्ष राकेश पांडेय व नायब
तहसीलदार संजय अग्रहरि मौजूद रहे।