नन्हीं सी उम्र में जांबाजी का प्रदर्शन करने वालों को समारोह में सम्मान का सलाम मिला। विभिन्न क्षेत्रों में कुछ खास करने वालीं कुछ महिलाओं को भी सम्मानित किया गया। इनमें बांदा सदर की एसडीएम और प्रशिक्षु आईएएस थमीम अंसरिया भी शामिल हैं।
रविवार की शाम अतिथि सभागार में माधुरी गुप्ता चिल्ड्रेन्स ब्रेवरी अवार्ड एवं माधुरी गौरवी वुमेंस अवार्ड बांटे गए। इसका आयोजन एसीडी स्टूडियो के तत्वाधान में निर्देशक रश्मी गुप्ता निशा ने किया था। बहादुरी के लिए सम्मानित बच्चों में बांदा के सिंधनकलां गांव की 11वीं की छात्रा ऋतुजा को शोहदों को सबक सिखाने, भूरागढ़ निवासी 8 वर्षीय शशि प्रभा को अपनी दिव्यांग सहेली की शिक्षा में की जा रही भरपूर मदद करने, 12 वर्षीय वैशाली सोनी को चित्रकूट में अपने ननिहाल में मंदाकिनी नदी में डूब रही सहेली को जान जोखिम में डालकर बचाने, 13 वर्षीय शांभवी त्रिपाठी को यूपी स्टेट इंटर स्कूल शूटिंग चैंपियनशिप कंप्टीशन जीतने, 12 वर्षीय मांडवी गुप्ता (हमीरपुर) को स्कूली लड़कियों से छेड़छाड़ करने वाले शोहदों पर कार्रवाई के लिए पुलिस में पैरवी करने और 18 वर्षीय सीमा नामदेव को भी शोहदे की पिटाई करने पर माधुरी ब्रेवरी अवार्ड से सम्मानित किया गया।
इसी तरह माधुरी गौरवी बुमेंस अवार्ड एसडीएम थमीम अंसरिया (आईएएस), मनोरमा अग्रवाल (आवास विकास) को लेखन क्षेत्र, रंजना सैराहा (आवास विकास) को शिक्षा क्षेत्र, शबीना मुमताज (गूलर नाका) को महिला हितों की पैरवी, कुमारी सुमन चौहान (बिजली खेड़ा) को मार्शल आर्ट और डा. प्रज्ञा प्रकाश उपाध्याय (कटरा) को चिकित्सा क्षेत्र में उल्लेखनीय सेवा के लिए अवार्ड से सम्मानित किया गया। मेजबान रश्मी ने बताया कि यह आयोजन वह अपनी मां माधुरी गुप्ता की स्मृति में कई वर्षों से कर रही हैं।
समारोह में डा. शबाना रफीक, डा. मोनिका सक्सेना, डा. मनोरमा अग्रवाल, प्रधानाचार्य आकांक्षा बरनवाल, छवि पुरवार, विमलेश चौहान, सीमा नंदा, रजनी गुप्ता, स्वाति गुप्ता, अनुष्का जडिय़ा, आराधना गुप्ता, मेधा, स्मृति, वैशाली, सोनाली आदि शामिल रहीं।