अतर्रा (बांदा)। बकरी चराने गई बालिका खेत में बने मिट्टी के गहरे गड्ढे में पैर फिसलने से गिरकर डूब गई। कुछ देर बाद नानी ने देख चीख-पुकार मचाई, तब पड़ोसियों ने पहुंचकर बालिका को गड्ढे से बाहर निकाला। परिजन निजी वाहन से उसे सीएचसी पहुंचाया। वहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
बिसंडा थाना क्षेत्र के बिसंडी गांव निवासी मनोज शर्मा ने बताया कि उसकी बेटी प्रिया (12) शुक्रवार को दोपहर घर से बकरी लेकर चराने गई थी। वहां बारिश के पानी से भरे गहरे गड्ढे में पैर फिसलने से प्रिया डूब गई। पिता के मुताबिक, घर से 200 मीटर की दूरी पर स्थित गांव निवासी देवकुमार यादव ने अपने खेत से मिट्टी निकाल घर में पुराई कराई थी। इससे खेत में आठ फीट गहरा गड्ढा बारिश होने से पानी से भर गया था।
दोपहर को पुत्री नानी कमला के साथ बकरी लेकर खेत की तरफ गई थी। वहां गहरे गड्ढे के पास पैर फिसल जाने से गिरकर डूब गई। चीख-पुकार सुनकर पड़ोसी नवल यादव ने किशोरी को गड्ढे से बाहर निकाला। परिजन किशोरी को बिसंडा पीएचसी ले गए। वहां डॉक्टर ने प्रिया को मृत घोषित कर दिया।
पिता ने बताया कि बीते 15 दिन पहले ही परिवार सहित हरियाणा से ईंट-भट्ठे में मजदूरी कर घर वापस लौटे थे। मृतका दो भाई व दो बहनों में दूसरे नंबर की थी। बीते पांच वर्ष पहले मनोज वर्मा अपने पैतृक गांव बड़ागांव से ससुराल बिसंडी रहने आ गया था। घटना से मां सविता समेत सभी परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। थानाध्यक्ष चंद्रप्रकाश तिवारी ने बताया कि गहरे गड्ढे में डूबने से किशोरी की मौत हुई है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।