नरैनी/अतर्रा/बदौसा। गुरुवार को टिड्डी दल ने फिर धावा बोल दिया। सीमावर्ती मध्य प्रदेश से हफ्ते के अंदर टिड्डी दल का यह दूसरा धावा था। नरैनी, अतर्रा और बदौसा के गांवों में किसानों ने थाली, टिन, पटाखे और धुआं करके टिड्डी दल को खदेड़ा। कुछ गांवों में मूंग, अरहर आदि के पौधों को नुकसान पहुंचा है। बड़ी संख्या में टिड्डियां मारी भी गई हैं।
नरैनी संवाद के अनुसार सीमावर्ती मध्यप्रदेश के पन्ना जिले से गुरुवार को बेशुमार टिड्डियों का दल घुस आया। करतल, बिल्हरका, रगौली, भटपुरा, पुकारी, बरकोला कलां, रंजीतपुर, नसेनी, गोरेपुरवा, खरौंच आदि गांवों में ग्रामीणों ने इन्हें खदेड़ा। लोधिन पुरवा (बरकोला कला) गांव के बलदाऊ शिवहरे की चार बीघा गन्ना को नुकसान पहुंचाया। खरौंच में किसान विष्णु मिश्रा और राजाभैया की 20 बीघा खेत में बोई मूंग की फसल चट कर दी।
अतर्रा संवाद के अनुसार अतर्रा ग्रामीण के मजरे सहित तुर्रा गांव, गौतम पुरवा, उदयपुर, भुसासी, नकटा पुरवा, मुड़वारा, चंदौर में टिड्डी दल अचानक उमड़ पड़ा। भुसासी के किसान अभिमन्यु सिंह, राजेश सिंह, त्रिलोकीनाथ, रामचरित व परमेश्वरी कोरी की धान बेड़ को नुकसान पहुंचाया। एसडीएम जेपी यादव, खंड विकास अधिकारी मनोज कुमार, जिला कृषि अधिकारी की अलग-अलग टीमों ने गांव पहुंचकर जायजा लिया। हवा के रुख के साथ टिड्डी दल चित्रकूट की ओर कूच कर गया।
बदौसा संवाद के अनुसार थाना क्षेत्र के तुर्रा, भूसासी, उदयपुर, बनई गौतमपुर, पौहार में टिड्डी दल का धावा रहा। किसानों ने शोर मचाकर टिड्डी दलों को खदेड़ा। गांव पहुचे अधिकारियों ने दवा का छिड़काव कराकर बड़ी संख्या में टिड्डियों को मार दिया। तुर्रा ग्राम प्रधान प्रतिनिधि रज्जू सिंह ने बताया कि मूंग, उड़द, मक्का की फसलों और बड़े पेड़ों को टिड्डी दल ने चट कर दिया।
मूंग के खेत में मंडराती टिड्डियां।- फोटो : BANDA