बांदा। चिल्ला रोड स्थित 132 केवी विद्युत उपकेंद्र के 33 केवी फीडर में तकनीकी फाॅल्ट आने के कारण चार घंटे बिजली नहीं आई। इससे शहर के अलावा मटौंध क्षेत्र कई गांवों की करीब 50 हजार की आबादी प्रभावित रही। उपभोक्ताओं के आक्रोश देखते हुए बिजली विभाग की टीम ने रात में ही फॉल्ट दुरुस्त किया।
शहर में बिजली आपूर्ति पटरी पर नहीं आ रही है। पुराने व जर्जर उपकरण तथा तार निर्बाध बिजली आपूर्ति में बाधक बन रहे हैं। बुधवार को जहां पीलीकोठी के स्टेशन रोड व छोटी बाजार फीडर में फाल्ट से दिन में करीब छह मोहल्लों की बिजली दो घंटे तक बंद रही। वहीं रात में
चिल्ला रोड स्थित 132केवी उपकेंद्र के दो फीडरों में फाल्ट से 33/11 केवी भूरागढ़ एवं मटौंध उपकेंद्र की सप्लाई बाधित हो गई। रात आठ बजे गुल हुई बिजली करीब एक बजे आई। इससे शहर के कटरा, छोटी बाजार, क्योटरा, स्वराज कालोनी सहित दस मोहल्ले चार घंटे अंधेरे में रहे। मटौंध क्षेत्र के करीब सात गांवों की जनता बिना बिजली परेशान रही।
उपभोक्ताओं के अधिकारियों को फोन करने के बाद बिजली विभाग की टीम सक्रिय हुई और फाल्ट दूर कर आपूर्ति शुरू कराई। बुधवार को दिन में कई मोहल्लों में तार जलने व फाल्ट से अलीगंज, मर्दननाका, कोतवाली रोड, खिन्नीनाका, खुटला, स्वराज कालोनी, मुक्तिधाम मार्ग के उपभोक्ता परेशान रहे। यहां कहीं पर लो वोल्टेज तो कहीं ज्यादा तेज लाइट आने की भी शिकायतें आती रहीं। अधिशासी अभियंता मंदीप सिंह ने बताया कि उप केंद्र में फाल्ट की वजह से दिक्कत हुई है। बिजली विभाग की ओर से बेहतर विद्युत आपूर्ति का प्रयास किया जा रहा है।