नरैनी। कोतवाली क्षेत्र के पुंगरी गांव में चिराग से लगी आग से सोमवार की रात एक मूकबधिर किसान जिंदा जल गया। आग से घर की गृहस्थी भी राख हो गई। देर रात पहुंचे अफसरों ने ग्रामीणों की मदद से जला शव बरामद किया।
छोटा उर्फ बौरा (54) पुत्र राम प्रताप बिल्हौंवा सोमवार की रात कच्चे खपरैलदार मकान के अंदर सो गया। पड़ोस में रहने वाले कपिल की रात करीब 10 बजे आंख खुली तो मकान बुरी तरह जल रहा था। शोर मचाकर छोटा के परिजनों और ग्रामीणों को सूचना दी। इस दौरान जलता खपरैल छोटा के ऊपर जा गिरा। रात करीब साढ़े 10 बजे एसडीएम वंदिता श्रीवास्तव और कोतवाली प्रभारी इंद्रदेव मौके पर पहुंचे और मलबा हटाकर शव को बाहर निकलवाया। मृतक के भतीजे हिमांशु ने बताया कि चाचा बौरा मूकबधिर था। उसकी शादी भी नहीं हुई थी। शाम को उसने खुद अपना खाना बनाया और खाकर सोने चला गया।
हिमांशु ने बताया कि कमरे में जलता हुआ चिराग रखा था। शायद उसी से आग लगी। मृतक के नाम सात बीघा जमीन है। एसडीएम ने भी चिराग से आग की बात कही है। कहा कि यह घटना दैवी आपदा में नहीं आती। मदद के अन्य विकल्प पर विचार किया जाएगा। उधर, मृतक की मां तुलसिया ने बताया कि बौरा ही उसकी देखभाल करता था। हाल ही में तुलसिया ने आंखों का आपरेशन कराया है। बेटे के गम में मां काफी शोकग्रस्त है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है।