बांदा। सामाजिक कार्यकर्ता व स्वैच्छिक संस्था मंत्री
के विरुद्ध दुराचार की रिपोर्ट दर्ज किए जाने के विरोध में सौ से अधिक
समर्थकोें ने कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन के बाद अपर पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन
देकर इसे साजिश बताते हुए न्याय की मांग की। न्याय न मिलने पर जिला
मुख्यालय में आमरण अनशन की चेतावनी दी।
गुरुवार को समाजसेवी राजाभइया के विरुद्ध अतर्रा में एक युवती द्वारा दुराचार की रिपोर्ट दर्ज कराने के बाद समर्थकों में आक्रोश है।
शुक्रवार
को बड़ी संख्या में पुरुषों व महिलाओं ने प्रदर्शन के बाद अपर पुलिस
अधीक्षक आशुतोष शुक्ल को दिए ज्ञापन में कहा है कि राजाभइया गरीब किसानों
और मजदूरों की लड़ाई लड़ रहे हैं।
शिक्षा, स्वास्थ्य, आजीविका,
मनरेगा मजदूर भुगतान और खाद्य सुरक्षा जैसे मुद्दों पर उन्होंने जनता की
आवाज बुलंद की है। इसी वजह से उनकी छवि खराब करन के लिए साजिश के तहत
रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
घटना की साजिश का खुलासा करने और 10 दिन के अंदर न्याय न मिलने पर आमरण अनशन शुरू करेंगे।
ज्ञापन
देने वालों में तिरहार विकास मंच अध्यक्ष प्रमोद आजाद, समाजसेवी ब्रजमोहन
यादव, प्यारेलाल, केसरिया, राजाराम, सुखराज, कल्लू, श्यामबाबू तिवारी,
नर्वदा प्रसाद, रानी, रामजी यादव, बाबूलाल, आशा समेत तमाम लोग शामिल रहे।