अतर्रा। गंगा दशहरा पर संगम स्नान करने इलाहाबाद जा रहे तीर्थयात्रियों ने रेलवे स्टेशन पर जमकर हंगामा करते हुए टिकट काउंटर पर पथराव किया। स्टेशन मास्टर को घेरकर रजिस्टर छीन लिया। सूचना के काफी देर बाद पहुंची पुलिस ने यात्रियों को काबू किया और उन्हें संपर्क क्रांति ट्रेन से रवाना किया। इस बीच चित्रकूट एक्सप्रेस व झांसी पैसेंजर ट्रेन आउटर व स्टेशन पर दो घंटे खड़ी रहीं।
मंगलवार को सुबह स्थानीय रेलवे स्टेशन पर इलाहाबाद जाने के लिए करीब 300 यात्री टिकट लेकर बुंदेलखंड ट्रेन का इंतजार करते रहे लेकिन ट्रेन निर्धारित समय से तीन घंटे लेट (सुबह छह बजे) आई। इसमें यात्रियों की भीड़ के चलते तिल रखने की जगह नहीं थी। कुछ यात्री खिड़की में लटके और ट्रेन आगे बढ़ गई। इसके बाद यात्रियों ने हंगामा शुरू कर दिया। टिकट वापसी की जिद में अड़ गए। करीब आधा सैकड़ा महिलाएं स्टेशन मास्टर आरपी नामदेव के कक्ष में घुस गईं और रजिस्टर आदि छीन लिया। पुरुष यात्रियों का झुंड टिकट खिड़की पर पहुंचा और पथराव शुरू कर दिया।
इससे कंप्यूटर और डिस्पले बोर्ड क्षतिग्रस्त हो गए। टिकट क्लर्क असगर अंसारी का बैग छीनकर फेंक दिया। स्टेशन मास्टर ने किसी तरह डीआरएम और कंट्रोल रूम को सूचना दी लेकिन करीब डेढ़ घंटे बाद थाने से पुलिस पहुंची। यात्रियों को समझा-बुझाकर उसी टिकट पर संपर्क क्रांति एक्सप्रेस से मानिकपुर तक भेजा। स्टेशन मास्टर को कड़ी मशक्कत के बाद भीड़ के चंगुल से बचाया। हंगामे और सिग्नल न मिलने से लखनऊ एक्सप्रेस लोहिया पुल आउटर पर और मानिकपुर-झांसी पैसेंजर मंडी आउटर पर दो घंटे खड़ी रहीं। महाकौशल एक्सप्रेस निर्धारित समय 3.43 बजे के बजाए 7.47 पर आई। संपर्क क्रांति 6.01 की जगह 8.43 बजे और लखनऊ एक्सप्रेस 3.20 बजे के बजाए 6.50 पर स्टेशन पर आई। स्टेशन मास्टर ने बताया कि तोड़फोड़ और हंगामा की लिखित सूचना उच्चाधिकारियों को भेजी गई है।