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डकैत बलखड़िया ने सड़क न बनाने की चेतावनी दी

Sun, 11 Jan 2015 12:04 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बांदा
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डकैत बलखड़िया ने ठेकेदार को जंगल की सीमा से 100 मीटर पहले ही सड़क निर्माण बंद करने की चेतावनी दी है। गोड़ी बाबा पुरवा से गोबरी व गोड़रामपुर तक सड़क बनाने का काम सार्वजनिक निर्माण विभाग करा रहा है।
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1.56 करोड़ रुपये की लागत से बन रही इस सड़क में दस्यु बलखड़िया मजदूरों से मारपीट करते हुए ठेकेदार से तीन बार क्रमश: ढाई लाख, तीन लाख और साढ़े चार लाख रुपये वसूल चुका है। 

फतेहगंज थाना क्षेत्र के आदिवासी बाहुल्य गोबरी गोड़रामपुर जाने वाली 5 किलोमीटर लंबी सड़क दो दशक बाद भी नहीं बन सकी। डकैतों के खास प्रभाव के इलाके में कोलुहा जंगल जाने वाले इस मार्ग का निर्माण सबसे पहले 2004-05 में बुंदेलखंड विकास निधि के तहत शुरू कराया गया।
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उसी समय दस्यु ठोकिया के साथी कल्लू गोड़ ने दिन-दहाड़े सशस्त्र साथियों के साथ थाने से चंद कदम दूर मजदूरों व मेठ को जमकर पीटा। बाद में ठेकेदार ने चौथ देकर दोबारा काम शुरू कराया लेकिन डकैतों ने आगे का निर्माण फिर रोकवा दिया। वर्ष 2008-09 में बुंदेलखंड सम विकास योजना से फिर सड़क का काम शुरू हुआ।

इस बार डकैत सुंदर पटेल उर्फ रागिया ने चौथ वसूलने के बाद निर्माण ठप करा दिया। ठेकेदार लाखों की निर्माण सामग्री बिल्हरिया मठ के निकट छोड़कर चला गया। इस समय गोड़ी बाबा पुरवा से गोबरी व गोड़रामपुर तक सड़क बनाने का काम सार्वजनिक निर्माण विभाग करा रहा है।

इस सड़क में दस्यु बलखड़िया तीन बार मारपीट करते हुए ठेकेदार से ढाई लाख, तीन लाख और साढ़े चार लाख रुपये वसूल चुका है। चौथ वसूलने के बाद डकैतों ने ठेकेदार को जंगल की सीमा से 100 मीटर पहले ही सड़क निर्माण बंद करने की चेतावनी दे रखी है।

जल्दबाजी में हो रहा घटिया निर्माण
बदौसा। डकैतों से परेशान ठेकेदार जल्द सड़क निर्माण पूरा कराने के लिए घटिया स्तर का काम करा रहा है। डामरीकरण सिर्फ गोबरी जाने वाली सड़क में हुआ है। यह शुरुआती दौर में ही ध्वस्त हो रही है। गोड़ी बाबा पुरवा से आगे भले ही नई सड़क बनाई जा रही है, पर फतेहगंज से गोड़ी बाबा पुरवा तक वाहन पहुंचना मुश्किल है।

इस सड़क का लाभ भी लोगों को नहीं मिल सकेगा। उधर, फतेहगंज से गोबरी जाने वाली यह सड़क डकैतों के पसंदीदा ठिकानों तक पहुंचाती है। दस्यु दल किसी भी दशा में बघोलन (एसटीएफ जवानों का शहीद स्थल) से आगे डामरीकृत सड़क नहीं बनने देना चाहते। यही वजह है कि 20 सालों में भी यह अधर में अटकी है।

डकैत का रिश्तेदार मेठ
अतर्रा। ठेकेदार अज्जू सिंह का कहना है कि चाहे जैसी ही परिस्थितियां क्यों न हों, सड़क का काम पूरा कराया जाएगा। उधर, चर्चा है कि बलखड़िया का सगा रिश्तेदार इसमें मेठ है। उसके कहने के आधार पर सड़क बन रही है।

विभाग के जेई ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि काम पूरा होने के बाद जांच कर एमबी बनाई जाएगी। तभी भुगतान किया जाएगा।

कुछ समय पहले तक मौजूद रहा गैंग
अतर्रा। बीहड़ इलाके में शनिवार को मीडिया टीम पहुंची तो यहां के बाशिंदे हैरान दिखे। संयोग था कि बलखड़िया गैंग कुछ समय पहले तक वहां मौजूद था। भनक लगी तो वहां के लोगों ने तत्काल वापस जाने का आग्रह किया।

ग्रामीणों ने बताया कि स्थानीय पुलिस व एसटीएफ जवान यहां कभी नहीं आते। बघोलन तिराहे के पास हूटर बजाकर कभी-कभार जीप  निकल जाती है। डकैतों के खौफ के चलते यहां के ग्रामीण जुबान नहीं खोलते।
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