बांदा। मुंबई से लौटे किशोर की रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव मिली है। जिले में यह कोरोना का तीसरा मरीज है। इससे पहले यहां के दो लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। इसमें से एक की दो रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद उसे कृषि विश्वविद्यालय में क्वारंटीन किया गया है, जबकि दूसरे की पांचवीं रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई है। उसकी दूसरी और चौथी रिपोर्ट निगेटिव आई थी। इसका इलाज मेडिकल कॉलेज में चल रहा है।
16 दिनों की खामोशी के बाद सोमवार को कोरोना पॉजिटिव केसों में बांदा फिर सुर्खियों में आ गया। लखनऊ से आई जांच में तिंदवारी थाना क्षेत्र के माचा गांव के मजरा रजवा डेरा निवासी 16 वर्षीय युवक पॉजिटिव पाया गया। है। यह किशोर 17 अप्रैल को ही मुंबई से घर आया था।
इसके अलावा शिव गांव के 55 वर्षीय जमाती की पांचवीं रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई। पहले हुई चार जांचों में दो बार पॉजिटिव और दो बार निगेटिव रिपोर्ट आई थी। मंडलायुक्त गौरव दयाल ने किशोर और जमाती की रिपोर्ट पॉजिटिव आने की पुष्टि की। उधर, मेडिकल कालेज प्रधानाचार्य डॉ. मुकेश कुमार यादव ने बताया कि 16 वर्षीय किशोर को आइसोलेशन वार्ड में भर्ती किया गया है। इसके अलावा किशोर के दादी-बाबा, भाई, चाचा-चाची सहित परिवार के नौ लोगों और उसके पांच साथियों को मेडिकल कालेज के क्वारंटीन वार्ड में रखा गया है। सभी की जांच कराई जाएगी।
प्रधानाचार्य ने यह भी बताया कि शिव गांव का शख्स 2 अप्रैल से आइसोलेशन में भर्ती है। पॉजिटिव किशोर का दूसरा और जमाती का छठवां सैंपल तीन दिन बाद फिर भेजा जाएगा। बताया कि सबसे पहले पॉजिटिव मिले शहर के गूलरनाका निवासी 40 वर्षीय व्यक्ति की दो लगातार निगेटिव रिपोर्ट आने के बाद डिस्चार्ज किया जा चुका है। हालांकि उसे कृषि विश्वविद्यालय में क्वारंटीन किया गया है।
रैपिड टेस्ट से तीन में मिले संदिग्ध लक्षण
नरैनी। रैपिड टेस्ट जांच में तीन लोगों में संक्रमण के लक्षण मिलने पर उन्हें मेडिकल कालेज भेज दिया गया है। सीएचसी को एल-1 कोविड-19 वार्ड घोषित किया गया है। यहां कई करीब 28 लोग क्वारंटीन हैं।
चिकित्साधीक्षक डा. बीएस राजपूत ने बताया कि संदिग्ध तीनों लोगों को मेडिकल कालेज रेफर किया गया है। इन्हें पांच अप्रैल को भर्ती किया गया था। तीनों शिव गांव के पॉजिटिव व्यक्ति से जुड़े बताए गए हैं। सीएमओ डा. संतोष कुमार ने बताया कि तीनों संदिग्धों का आरटीपीसीआर टेस्ट कराया जाएगा। मेडिकल कालेज से सैंपल भेजने की तैयारी है।