बांदा। जल संस्थान के अधीन संचालित ग्रामीण पेयजल योजनाओं का पाइपलाइन अनुरक्षण और मोटर पंप संचालन का ठेका एक अक्तूबर से समाप्त कर दिया जाएगा।
इन योजनाओं को उत्तर प्रदेश जल निगम (ग्रामीण) को हस्तांतरित किए जाने के बाद जल संस्थान ने यह निर्णय लिया है। योजनाओं में तैनात संचालन श्रमिकों का ठेका भी इसी तारीख से खत्म होगा।
अधिशासी अभियंता चित्रकूटधाम मंडल जल संस्थान ने जिले के नौ ठेकेदारों को निर्देश दिए हैं कि एक अक्तूबर के बाद ग्रामीण पेयजल योजनाओं से संबंधित किसी भी प्रकार का बिल या बीजक कार्यालय में प्रस्तुत न करें।
इन ठेकेदारों में तिवारी कांट्रेक्टर, बाबा ट्रेडर्स, विनीत कुमार खरे, कैपिटल ट्रेडर्स, नरेंद्र सिंह कांट्रेक्टर, मां पितांबरा ट्रेडर्स, अंकित गुप्ता कांट्रेक्टर, सुधीर कुमार त्रिवेदी और ललिता बाजपेई शामिल हैं। (ब्यूरो)