आपदा पीड़ित किसानों की वकालत में बसपा भी सड़कों पर उतर आई। सोमवार को देशव्यापी आंदोलन में यहां भी प्रदर्शन और सभा हुई। बसपा नेताओं ने किसी को भी ज्ञापन नहीं भेजा। लगभग चार घंटे तक भाषणों का दौर चलता रहा।
रायफल क्लब ग्राउंड में कड़ी धूप के बावजूद नेताओं को सुनने के लिए काफी संख्या में लोग पहुंचे थे। इनमें महिलाएं भी थीं। भाषणों में मुख्य रूप से तीन मुद्दे छाए रहे। इनमें केंद्र सरकार काभूमि अधिग्रहण बिल का विरोध, केंद्र और प्रदेश सरकार द्वारा किसानों की उपेक्षा और प्रदेश में ध्वस्त हो रही कानून व्यवस्था थी।
विधायक जीसी दिनकर ने कहा कि केंद्र की मोदी सरकार ने चुनाव से पूर्व अच्छे दिन का सब्जबाग दिखाकर वोट हथिया लिए। अब असलियत सामने है। पूर्व मंत्री बाबूलाल कुशवाहा ने कहा कि किसानों की समस्याओं का निस्तारण बसपा मुखिया मायावती के नेतृत्व में बनने वाली सरकार में ही होगा।
मंडल कोआर्डिनेटर जगदीश प्रसाद प्रजापति, डॉ. मधुसूदन कुशवाहा, बबेरू क्षेत्र प्रभारी आनंद यादव ने प्रदेश की सपा सरकार को आड़े हाथों लिया। कहा कि राहत का सिर्फ ढिंढोरा पीटा जा रहा है। कई किसानों ने प्रशासन द्वारा दिए गए 750 रुपये के राहत चेक सभा स्थल पर बसपा नेताओं को दिखाए और उनकी फोटोकॉपी सौंपी।
सभा का संचालन बसपा नेता लल्लू प्रसाद निषाद ने किया। सभा में अभिषेक भाष्कर, नवरतन कुशवाहा, हरीराम कबीर बेदी, डीके वर्मा, विनय कुमार वर्मा, अवधेश दिनकर, गोकरण वर्मा, मुमताज अली, मोहम्मद इदरीस, मजीद खां, गुलाब सिंह वर्मा, मोहम्मद यार खां, गुलाब सिंह वर्मा, राजा, पूर्व चेयरमैन वैश्य राजकुमार राज, दिनेशचंद्र शुक्ला, अशरफ रंपा, मोहम्मद इस्लाम खां, मौला, नासिम मंसूरी, जावेद खां, अशोक पांडेय (अतर्रा) आदि मौजूद रहे। अध्यक्षता जिलाध्यक्ष प्रदीप वर्मा ने की।