राहुल यादव अपनी बहन रानी के साथ। (फाइल फोटो)
- फोटो : BANDA
तिंदवारी(बांदा)। पड़ोस की सात वर्षीय बालिका के साथ अश्लील हरकतों पर पॉस्को एक्ट सहित संगीन धाराओं के आरोपी युवक ने रक्षाबंधन पर बहन से राखी बंधवाने के बाद फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। परिजनों के मुताबिक झूठे आरोप में फंसाए जाने पर आत्मग्लानि में खुदकुशी की है। बालिका के परिजनों पर पांच लाख रुपये और दो बीघा जमीन मांगने का आरोप लगाया है।
थाना क्षेत्र के आबादी गांव में सोमवार को रक्षाबंधन की शाम करीब छह बजे राहुल यादव (19) पुत्र विजयपाल ने घर के पीछे पेड़ में पलंग की रस्सी बांधकर फांसी लगा ली। जानकारी पर घर के लोग फंदे से उतारकर अस्पताल ले गए। यहां डॉक्टरों ने मौत की पुष्टि कर दी। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है। बताया गया कि पहली दिसंबर 2019 को पड़ोस की अनुसूचित जाति की सात वर्षीय बालिका के साथ छेड़छाड़ में राहुल पर धारा 354, पॉस्को व एससी-एसटी एक्ट में मुकदमा दर्ज हुआ था। छह दिन बाद सात दिसंबर को उसे जेल भेज दिया गया। 14 अप्रैल को कोरोना के चलते पैरोल पर कुछ दिन के लिए जेल से छूटा था।
पिता विजयपाल के मुताबिक सोमवार को बालिका का मामा घर आकर राहुल को दो बीघा जमीन और पांच लाख रुपये का जल्द इंतजाम करने के लिए धमका गया था। राहुल के भाई धीरज ने बताया कि बहन रानी ने राहुल को राखी बांधी तो वह रो पड़ा। कहा कि उसे रंजिश में झूठे केस में फंसाया गया है। राहुल अपनी बहन को राखी बंधन पर कोई तोहफा नहीं दे पाया। भाई के मुताबिक वह इस बात से भी परेशान था कि केस दर्ज कराने वालों की ओर से मांगे जा रहे पांच लाख रुपये कहां से देगा। बहन रानी ने उसे सांत्वना दी थी। वह दो भाइयों में दूसरे नंबर का था। इंस्पेक्टर नीरज कुमार सिंह ने बताया कि पिता की ओर से दी गई तहरीर में आत्मग्लानि में आत्महत्या करना बताया गया है।