बांदा/बबेरू। मकर संक्रांति के लिए बहन को लिवाने आए भाई का ससुराल में अपमान होने से क्षुब्ध महिला ने फंदा लगाकर जान दे दी। भाई ने बहन के ससुरालियों पर दहेज उत्पीड़न के चलते मारपीट कर शव को फंदे से लटकाने का आरोप लगाया है।
बबेरू कोतवाली क्षेत्र के बेर्रांव गांव निवासी अभिलाषा उर्फ चुन्नी (27) ने शनिवार की रात कमरे में नायलॉन की रस्सी से छत के छल्ले से फंदा लगा लिया। सुबह होने पर उसके ससुर रमेश ने उसे फंदे से लटका देखा। मायके पक्ष से आए चित्रकूट के टिटिहिरा पुरवा निवासी भाई सुनील ने बताया कि मकर संक्रांति पर उनका छोटा भाई आशीष बहन चुन्नी को लिवाने उसकी ससुराल गया था। लेकिन, ससुराल में उसका अपमान कर उसे भगा दिया गया।
बताया कि उन्होंने अपनी बहन की शादी चार साल पहले बेर्रांव गांव के देव कुमार के साथ की थी। शादी के बाद से चुन्नी के ससुराली उसे मारपीट कर उत्पीड़न करते थे। एक लाख रुपये व बाइक की मांग कर रहे थे। वर्ष 2021 में ससुरालियों ने चुन्नी को जान से मारने की कोशिश की थी। जिस पर पारिवारिक न्यायालय में वाद दायर किया गया था। जिसमें वर्ष 2022 में ससुरालियों से न्यायालय में समझौता हुआ था। इसके बाद भी उसकी बहन का उत्पीड़न बंद नहीं हुआ।
भाई ने बहन को मारपीट कर शव को फंदे से लटकाने का आरोप लगाया है। मृतका के दो पुत्र हैं। सीओ बबेरू राजवीर सिंह ने बताया कि प्रथम दृष्टया खुदकुशी का मामला है। मायके पक्ष से तहरीर मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। शव का पोस्टमार्टम कराया गया है।