कालिंजर दुर्ग में दुर्लभ शैल चित्रों की फोटोग्राफी कर रहे प्रदेश के अपर पुलिस महानिदेशक भालू के हमले से बाल-बाल बच गए। भागदौड़ में अपने अंग रक्षक की टक्कर से चट्टान पर गिरकर घायल हो गए।
प्राथमिक उपचार के बाद वह लखनऊ रवाना हो गए। प्रदेश के अपर पुलिस महानिदेशक विजय कुमार लगभग दो दशकोें से कालिंजर दुर्ग पर शैल और रॉक चित्रों की खोज तथा शोध कर रहे हैं। इस सिलसिले में वह यहां आते हैं। सोमवार को वह किले के पौराणिक स्थल पाताल गंगा के नीचे दुर्लभ शैल चित्र समूह की फोटोग्राफी लगभग 40 फिट ऊंची सीढ़ी से कर रहे थे। सह सीढ़ी पुरातत्व विभाग ने उपलब्ध कराई थी।
नजदीक में मधुमक्खियों के छत्ते लगे थे। मक्खियां भड़क न जाएं इसलिए बहुत ही सतर्कता से फोटोग्राफी कर रहे थे। पत्रकार बीडी गुप्ता ने बताया कि फोटोग्राफी पूरी करने के बाद सीढ़ियों से उतरते ही चट्टानों की मांद में छिपा भालू गुर्राता हुआ झपटा। इससे साथ में मौजूद अंग रक्षक कांस्टेबिल भागा और अपर पुलिस महानिदेशक विजय कुमार से टकरा गया। श्री कुमार चट्टान से गिरकर घायल हो गए।
उन्हें तत्काल नरैनी लाया गया और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्राथमिक उपचार हुआ। यहां के बाद वह लखनऊ रवाना हो गए। वहीं इलाज कराएंगे। गौरतलब है कि श्री कुमार कालिंजर किले में अब तक लगभग 10 हजार शैल चित्र खोज चुके हैं।