बांदा। आंधी में पेड़ उखड़कर किसान की छानी में जा गिरा। हादसे में बुजुर्ग किसान की मौत हो गई जबकि पत्नी और बेटी बाल-बाल बच गईं।
गिरवां थानाक्षेत्र के महुवा गांव निवासी लालबाबू ने बताया कि मामा रज्जू रैदास (66) तालाब किनारे स्थित खेत में छप्पर की छानी बनाकर पत्नी राजाबाई और बेटी सपना के साथ सो रहे थे। मंगलवार की रात आई तेज आंधी से तालाब के भीटे में लगा यूकेलिप्टस का पेड़ उखड़कर छानी में जा गिरा। पेड़ छानी को तोड़ता हुआ सीधे रज्जू के गले पर गिरा जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। बगल में लेटी पत्नी और बेटी बाल-बाल बच गईं। रज्जू के पास पौन बीघा जमीन है। वह खेती किसानी करता था। उसके सात बेटी व एक बेटा है। गिरवां थाना इंस्पेक्टर सुरेश सैनी ने बताया कि पेड़ गिरने से हादसा हुआ है। शव का पोस्टमार्टम कराया गया है।
आंधी में चारपाई समेत 20 फीट तक हवा में उछला किसान
मटौंध थाना क्षेत्र के मरौली गांव निवासी किसान मल्हे (65) ने बताया कि वह रात में खेत में चारपाई डाले सो रहा था। रात में आई तेज आंधी ने उसे चारपाई समेत तकरीबन 20 फीट तक हवा में उछाल दिया जिससे गिरकर उसका पैर टूट गया। बुधवार को परिजनों ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया है।