बबेरू। कस्बे के सर्राफा व्यापारी तेज प्रकाश सोनी की हत्या के मामले में पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। इस हत्याकांड का आरोपी कोई और नहीं बल्कि उसका करीबी दोस्त असलम खान निकला। जिसे वारदात के तीन घंटे के भीतर पुलिस ने मुठभेड़ में गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस जांच में सामने आया कि असलम और तेज प्रकाश सोनी ने कुछ वर्ष पहले साझेदारी में एक कंस्ट्रक्शन कंपनी शुरू की थी, जिससे करीब 1.20 करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ था। आरोप है कि तेज प्रकाश ने असलम के हिस्से के करीब 60 लाख रुपये देने में टालमटोल शुरू कर दी थी। कई बार तगादा करने के बावजूद रकम न मिलने पर दोनों के बीच तनाव बढ़ता गया था।
बताया जा रहा है कि बीते दो दिन पहले रुपयों को लेकर दोनों के बीच विवाद और मारपीट भी हुई थी, जिसमें असलम को अपमानित किया गया था। इसी रंजिश में उसने हत्या की साजिश रची थी। शुक्रवार रात उसने तेज प्रकाश को फोन कर नाराजगी खत्म करने के बहाने बुलाया और साथ बैठकर शराब पी थी। इसी दौरान मौका पाकर असलम ने तमंचा निकालकर सीने से सटाकर गोली मार दी थी, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
घटना के बाद इलाके में आक्रोश फैल गया और व्यापारियों ने मुख्य चौराहे पर जाम लगा दिया था। पुलिस अधिकारियों के समझाने के बाद करीब दो घंटे बाद जाम खुल सका था। इसके बाद सक्रिय हुई पुलिस टीम ने मुरहा मोड़ के पास मुठभेड़ में आरोपी को दबोच लिया। मुठभेड़ में असलम के दोनों पैरों में गोली लगी, जिसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
कोतवाली प्रभारी राजेंद्र सिंह राजावत ने बताया कि आरोपी के पास से 12 बोर का तमंचा, तीन खोखा और एक कारतूस बरामद हुआ है।
पुलिस विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि पूछताछ के दौरान भी आरोपी के तेवर आक्रामक रहे। उसने पुलिस से यह तक पूछ डाला कि व्यापारी जिंदा है या नहीं, जब पुलिस ने कहा कि जिंदा है तो अफसोस जताते हुए कहा कि मौका मिला तो फिर जान से मार देगा।
पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल का कहना है कि आरोपी के खिलाफ हत्या समेत अन्य गंभीर धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
फोटो- 36 घायल को जिला अस्पताल ले जाती पुलिस। स्त्रोत : पुलिस