फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

खोदी जा रही नहर का काम यूपी ने फिर रोका

विज्ञापन
विज्ञापन
बांदा। बरियारपुर बांध में उत्तर प्रदेश के हिस्से की जमीन पर मध्य प्रदेश द्वारा गुपचुप तरीके से खोदी जा रही अवैध नहर की शिकायत पर उत्तर प्रदेश सिंचाई प्रखंड तृतीय के उप खंड अधिकारी ने मौके पर जाकर काम रुकवा दिया और एमपी के अधिकारियों से आपत्ति भी जताई। चेतावनी दी कि विवादित भूमि का शासन स्तर से हल न होने तक नहर खुदाई न की जाए। दूसरी तरफ एमपी वन विभाग ने भी नहर खुदाई पर अड़ंगा लगा दिया। इसमें एमपी वन क्षेत्र का लगभग 425 हेक्टेयर जमीन नहर में समा रही है।
विज्ञापन


पिछले वर्ष 29 अप्रैल को बरियारपुर बांध में यूपी की 5 हेक्टेयर जमीन पर एमपी द्वारा अवैध रूप से नहर खुदाई का मामला सामने आने पर सिंचाई प्रखंड तृतीय अधिकारियों ने रोक लगा दी थी। 15 माह तक यह रोक बरकरार रही। लेकिन पिछले माह मध्य प्रदेश सिंचाई विभाग ने दोबारा गुपचुप ढंग से यूपी की जमीन पर बांध क्षेत्र के डूब वाले स्थान में खुदाई शुरू कर दी।

ग्रामीणों द्वारा इसकी भनक लगने पर सिंचाई प्रखंड तृतीय के उप खंड अधिकारी मूलचंद्र ने 30 अगस्त को मौके पर जाकर जायजा लिया और नहर निर्माण का विरोध किया। जमीन के अभिलेख और नक्शा एमपी के अधिकारियों को दिखाए और काम बंद करा दिया। कहा कि रोक के बावजूद यूपी के हिस्से वाली 5 हेक्टेयर जमीन पर दोबारा नहर खुदाई समझौता नियमों का उल्लंघन है। यूपी अधिकारियों के सख्त रुख पर एमपी के अधिकारियों को नहर खुदाई रोकनी पड़ गई।
विज्ञापन


उधर, एमपी वन विभाग ने भी आपत्ति जताकर नहर खुदाई में रोक लगा दी। एमपी यांत्रिक विभाग के अभियंता एमके दोहरे ने स्वीकारा कि वन विभाग की करीब 425 हेक्टेयर जमीन नहर में समा रही है। शासन स्तर से वन क्षेत्र में काम शुरू कराने के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र हासिल किया जा रहा है। लेकिन यूपी जमीन का विवाद न सुलझने पर ज्यादा प्रभाव पड़ रहा है।
विज्ञापन


-सूचना पर सिंचाई प्रखंड तृतीय एसडीओ ने निरीक्षण किया
-एमपी यांत्रिक अफसरों को दिखाए समझौता संबंधी कागजात
-चेताया- विवाद सुलझने के बाद ही शुरू करें काम
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें