बांदा। मंडल के चार डिपो बांदा, हमीरपुर, राठ और महोबा से रविवार को 39 रोडवेज बसें और कम हो गईं। शनिवार तक 55 बसें विभिन्न रूटों से हटाई गई थीं। इन डिपो से अब तक कुल 93 बसें कम हो चुकी हैं।
ये सभी बसें पहले चरण का चुनाव कराने और माघ मेला में यात्रियों को लाने ले जाने के लिए गैर जनपद भेजी गई हैं। विभिन्न रूटों से बसों की कटौती किए जाने से यात्रियों की परेशानी बढ़ती जा रही है। सबसे ज्यादा फतेहपुर, कानपुर, महोबा, हमीरपुर रूट की बसें प्रभावित हैं। बसों का संकट छह दिन तक और रहेगा।
बहुत जरूरी होने पर ही यात्रा करने की सलाह दी जा रही है। पहले चरण का चुनाव कराने के लिए पुलिस व होमगार्डों को लेकर मेरठ, बागपत, सिकंदराबाद, अलीगढ़ के लिए बसें भेजी गई हैं। ये 10 फरवरी को मतदान के बाद 12 फरवरी को लौटेंगी।
क्षेत्रीय प्रबंधक चित्रकूटधाम मंडल अशोक कुमार ने कहा कि जिन मार्गों से बसें हटाई गईं हैं, उनमें अन्य बसों के फेरे बढ़ा दिए गए हैं। माघ मेले में लगी बसों को अब अन्य मार्गों में लगाया जाएगा।
ये है बसों की स्थिति
चित्रकूटधाम मंडल के रोडवेज बेड़े में 394 बसें हैं। इनमें 40 बसें जर्जर हैं। ये आए दिन वर्कशाप में खड़ी रहती हैं। सड़क पर 254 बसें ही दौड़ रही थीं। इनमें भी कटौती हो गई, क्योंकि 66 बसें चुनाव और 27 बसें माघ मेला में लगा दी गईं।
पांच घंटे बाद मिली हमीरपुर को बस
हमीरपुर निवासी अरविंद ने बताया कि वह रिश्तेदारी में परिवार सहित बदौसा गया था। वापस घर जाने के लिए सुबह 10 बजे बस स्टैंड आया था। तीन बजे बस मिली। प्राइवेट वाहन भी नहीं मिल रहे हैं।
कानपुर की बस में यात्री का पर्स चोरी
शहर के कालूकुआं निवासी रामशरण गुप्ता ने बताया कि उसे कानपुर जाना है। चार घंटे बाद एक बस आई तो यात्री उमड़ पड़े। बस में खड़े होने की भी जगह नहीं रही। किसी ने उसका पर्स गायब कर दिया। किराया न होने से मजबूरी में वह वापस घर जा रहे है।
महिला यात्री का मोबाइल चोरी
चुनाव में बसों के चले जाने से बस स्टैंड में भीड़भाड़ अधिक है। यहां सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं किए गए। बस से महिला यात्री का मोबाइल चोरी हो गया। प्रतापगढ़ निवासी गुंजन ने बताया कि वह रिश्तेदारी में नरैनी आई थी। कानपुर जाने वाली बस में किसी तरह वह अंदर पहुंच गई, लेकिन भीड़ अधिक होने के कारण किसी ने उसका मोबाइल निकाल लिया।