बांदा। चित्रकूट हादसे में सात लोगों की जान जाने के बाद आखिर पुलिस प्रशासन चेता। गुरुवार को जनपद के कई क्षेत्रों में चेकिंग अभियान चलाया गया तो आॅटो में क्षमता से दोगुना सवारियां बैठाकर ढोते मिले तो ट्रैक्टर में ही आठ सवारियां बैठाकर फर्राटा भरते दिखाई दिए। इस बीच ऐसे 355 वाहनों का चालान किया गया। तीन वाहन सीज कर दिए गए।
डीएम दुर्गा शक्ति नागपाल व एसपी अंकुर अग्रवाल के निर्देश पर यातायात प्रभारी राजेश कुमार ने शहर के प्रमुख चौराहों से लेकर अतर्रा व बबेरू कस्बा में अवैध रूप से सवारियां भरकर दौड़ रहे वाहनों की सघन चेकिंग की। इस बीच आटो में छह सवारियां बैठने की क्षमता है, पर 16-18 सवारियां भरी मिलीं। वहीं बिना ट्राली के ट्रैक्टर में आठ लोगों को बैठाकर तेज रफ्तार दौड़ते मिला। कई सवारी वाहनों के चालक नाबालिग व बिना लाइसेंस के मिले। यातायात पुलिस ने ऐसे 355 वाहनों का चालान किया और चालकों को सख्त चेतावनी दी।
बिना फिटनेस व वैध कागजातों के दौड़ रही तीन प्राइवेट बसों को सीज कर दिया गया। क्षेत्राधिकारी यातायात गवेंद्र पाल गौतम ने बताया कि नौ अप्रैल तक ऐसे वाहनों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जाएगा। नियमों व मानकों का उल्लंघन पाए जाने पर वाहन व चालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।