लोकसभा चुनाव आचार संहिता खत्म होते ही बुंदेलखंड में किसानों पर शिकंजा कसा जाने लगा है। कर्जदार किसान निशाने पर हैं। फिलहाल बांदा जनपद के 57 किसानों की जमीनें नीलामी कराई जा रही है।
इन सभी किसानों पर 50 लाख रुपये बकाया है। उत्तर प्रदेश सहकारी ग्राम विकास बैंक लिमिटेड की बांदा ब्रांच ने बकायेदारों की सूची तैयार कर नीलामी की तिथियां तय कर दी हैं। यह 10 जून से 22 जून तक चलेगी।
लोकसभा चुनाव और इसके पूर्व में मुख्यमंत्री से लेकर अन्य मंत्री और सत्तारूढ़ दल के नेता बुंदेलखंड के किसानों की हमदर्दी में लुभावने भाषण देते रहे हैं।
लेकिन लोकसभा चुनाव की आचार संहिता खत्म होते ही किसानों की शामत शुरू हो गई है। सहकारी ग्राम विकास बैंक लिमिटेड ने अपनी ब्रांच के 57 बकायेदार किसानों की सूची तैयार कर उनकी जमीन नीलाम करके अपनी वसूली करने की तैयारी पूरी कर ली है।
नीलामी इसी माह 10 तारीख से शुरू होगी। किसानों के गांव के स्कूल प्राथमिक विद्यालय में ही सरेआम उनकी जमीन नीलाम होगी। यह सिलसिला 22 जून तक चलेगा।
सूरजपाल पुत्र समलिया 85550 रुपये और छिदुवा पुत्र समलिया (मवई बुजुर्ग) 85,100, कैलाश पुत्र रामस्वरूप 68,100 रुपये व चंद्रपाल पुत्र बनवारी 43,190 रुपये (जमालपुर), सदाशिव पुत्र कामता 1,21,860 रुपये, मुन्ना पुत्रा कामता 72,040 रुपये, जयनारायण पुत्र शिवलाल 75,030 व रामनारायण पुत्र शिवलाल 76,190 (सभी अतरहट), लल्लू पुत्र टेरिया 1,30,260 रुपये, राजेंद्र पुत्र डोमन 1,42,170, छोटेलाल पुत्र कुंवरवा
1,77,650 रुपये (सभी बरेठी कलां), रामचरन पुत्र मुन्ना 84,150 व लल्लू पुत्र भरोसा 77,300 रुपये (मोहन पुरवा), विशाली पुत्र शंकर 29,000, शिवदास पुत्र कंचा 54,400, गोमती पुत्र छोटे 58,260, कल्लू पुत्र गुलजारी 47,140, गब्बू पुत्र सहलुवा 47,140, गोरेलाल पुत्र लल्लू 47,140, भवानीदीन पुत्र बरातीलाल 81,160 रुपये (सभी अछरौड़), राजाभइया पुत्र बद्री 68,450 रुपये
(मरौली), बाबूलाल पुत्र गोरेलाल 85,670, गया प्रसाद पुत्र मतइया 58,280 (जखौरा), लल्लू पुत्र भगोना 80,470 (पटना), हरीशरण पुत्र पालेश्वर 1,45,220, प्रभुदयाल पुत्र सुखइया 1,32,130,
रामपाल सिंह पुत्र रामेश्वर 94,220, खिलावन पुत्र दुर्गा 1,33,790, दीनदयाल पुत्र राजाराम 60,970 व शमशुद्दीन पुत्र बिंदादीन 1,01,120 रुपये (सभी बसहरी) आदि शामिल हैं।
इनके अलावा रामऔतार पुत्र टेरा 75,360 (खहरा), बारेलाल पुत्र रामाधीन 1,02,740, कस्तूरी पुत्र कल्लू 1,17,750, छोटेलाल पुत्र फेरा 1,63,870, श्रीविशाल पुत्र सुंदर 1,44,000 (सभी खहरा), जगरूप सिंह पुत्र लालू सिंह 88,250 (अलोना), छोटेलाल पुत्र जुगुल 87,150 (अमोर), शिवदत्त पुत्र जगमोहन 86,860 (नांदादेव),
अनिल सिंह पुत्र प्रताप सिंह 89,650 (जौरही), राजकुमार पुत्र रामेश्वर 73,390 (अलिहा), दुर्गा पुत्र कल्लू 66,530 (सुहाना), कुंवरिया पुत्र रामदास 39,750 (करकरा पुरवा), पूरनलाल पुत्र ललवा 92,080 (महोखर), लाखन सिंह पुत्र शिवमोहन 1,37,610 (पचनेही), रामरूप पुत्र बल्देव सिंह 78,680 (पचनेही),
वेनीवा पुत्र कलुवा 78,510 (सैमरी), सुमित्रा पत्नी रामपाल 1,05,500 व कैलाश पुत्र भागवत 63,020 (परसौड़ा), बासदेव पुत्र राममनोहर 1,38,370, शमशेर सिंह पुत्र रामकरण 85,970 (भिड़ौरा),
अजय कुमार पुत्र चौबा 93,690, अशोक कुमार पुत्र चौबा प्रसाद 93,160 (धौंसड़), प्रेमचंद्र पुत्र सूरजबली 28,750, रामपाल पुत्र टंटी 1,13,640, राजाराम पुत्र टंटी 1,27,140, फकीरा पुत्र तोफनिया 84,150 और हनुमान पुत्र नरैना 81,150 (सभी पिपरगवां) शामिल हैं।
किसानों की भूमि नीलामी के बारे में उत्तर प्रदेश सहकारी भूमि विकास बैंक लिमिटेड के ब्रांच मैनेजर जीएल त्रिवेदी का कहना है कि जिन खाताधारक/बकायेदार किसानों की भूमि नीलाम हो रही है उन्हें अपना बकाया अदा करने का पूरा मौका और पर्याप्त समय दिया गया था। लेकिन उन्होंने अदायगी नहीं की।
अधिकांश किसानों की सोच है कि सरकार उनका कर्ज माफ करेगी। अदायगी न करने से बैंक की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। अगर सरकार इन किसानों का कर्ज माफ करती है तो सरकार बैंक को इसकी भरपाई करे।